Kangra News: हिमाचल प्रदेश के देहरा से पूर्व विधायक होशियार सिंह पर विधायक निधि के गलत इस्तेमाल के गंभीर आरोप लगे हैं। राज्य सतर्कता एवं भ्रष्टाचार निरोधक ब्यूरो ने जांच के बाद उनके खिलाफ एफआईआर दर्ज की है। पूर्व एमएलए ने निजी कंपनी कर्मचारियों के खातों में फंड ट्रांसफर कर वापस कैश ले लिया था।
कर्मचारियों के खातों से कैश वापस लेने का आरोप
पुलिस मुख्यालय द्वारा जारी बयान के अनुसार विजिलेंस टीम ने शिकायत की शुरुआती जांच के बाद केस दर्ज किया है। पूर्व विधायक ने अपनी निजी फैक्ट्री के 16 कर्मचारियों के बैंक खातों में 50-50 हजार रुपये ट्रांसफर किए थे। कुल आठ लाख रुपये की यह रकम कर्मचारियों से बाद में नकद में वापस ले ली गई।
बिना आवेदन के मंजूर की गई थी सहायता राशि
जांच में सामने आया कि वर्ष 2023 और 2024 के दौरान विधायक ऐच्छिक निधि से आर्थिक मदद जारी की गई थी। हालांकि, बैंक रिकॉर्ड और सरकारी कागजातों से खुलासा हुआ कि किसी भी कर्मचारी ने वित्तीय मदद के लिए कोई आवेदन ही नहीं किया था। कर्मचारियों ने पूर्व विधायक के कहने पर ही नकद राशि वापस लौटाई थी।
विजिलेंस ने आईपीसी की धाराओं में केस किया दर्ज
दस्तावेजों और बैंक डिटेल्स की जांच से यह स्पष्ट हुआ कि सरकारी फंड का तय नियमों के खिलाफ इस्तेमाल किया गया। लाभार्थियों को फंड का वास्तविक लाभ नहीं मिला। इसके बाद विजिलेंस ने 16 जुलाई को धर्मशाला पुलिस थाने में भारतीय दंड संहिता की धारा 409 और 420 के तहत मुकदमा दर्ज कर लिया है।
निर्दलीय जीतने के बाद बीजेपी में शामिल हुए थे
होशियार सिंह देहरा विधानसभा सीट से दो बार आजाद उम्मीदवार के रूप में चुनाव जीते थे। साल 2024 में राज्यसभा चुनाव के दौरान हुए सियासी उलटफेर के बाद उन्होंने विधायक पद से इस्तीफा दे दिया और बीजेपी में शामिल हो गए। हालांकि, वे 2024 के उपचुनाव में मुख्यमंत्री सुक्खू की पत्नी कमलेश ठाकुर से हार गए थे।