Los Angeles News: अमेरिकी सीमा पर दो चीनी नागरिकों को असली अमेरिकी नागरिकों के पासपोर्ट का इस्तेमाल कर देश में घुसने के आरोप में पकड़ा गया है। संघीय अभियोजकों ने इसे राष्ट्रीय सुरक्षा से जुड़ा बेहद गंभीर मामला बताया है। अमेरिकी न्याय विभाग ने दोनों आरोपियों के खिलाफ आधिकारिक आरोप तय किए हैं।
पकड़े गए आरोपियों की पहचान 44 वर्षीय जिन फू वेई और 47 वर्षीय शियाओदान लेई के रूप में हुई है। गिरफ्तारी के बाद से दोनों संघीय हिरासत में हैं। इस मामले में मंगलवार को लॉस एंजिल्स की संघीय जिला अदालत में आरोपियों की पहली औपचारिक पेशी निर्धारित की गई थी।
बायोमेट्रिक जांच से पकड़ा गया फर्जीवाड़ा
हलफनामे के अनुसार दोनों ने मैक्सिको से कैलिफोर्निया के जॉन वेन एयरपोर्ट तक की उड़ान भरी थी। जांच चौकी पर दोनों ने अमेरिकी नागरिकों के मूल पासपोर्ट दिखाए। हालांकि फेशियल रिकग्निशन और बायोमेट्रिक स्कैन में पाया गया कि पासपोर्ट से जुड़े विवरण यात्रियों के चेहरे से मेल नहीं खा रहे थे।
कस्टम अधिकारियों की गहन जांच में यह भी सामने आया कि विमान की यात्री सूची में दोनों के नाम दर्ज नहीं थे। इसके बाद अधिकारियों ने तुरंत दोनों को हिरासत में ले लिया। प्रथम सहायक अमेरिकी अटॉर्नी बिल एसेली ने सीमा पर तैनात सुरक्षा अधिकारियों की सतर्कता की सराहना की।
आरोपी के पास से मिले संदिग्ध दस्तावेज
जांच अधिकारियों को वेई के पास से ऐसे दस्तावेज मिले, जिनसे पहचान की धोखाधड़ी की पुष्टि हुई। उसके पास अपने नाम वाले चीनी बैंक और क्रेडिट कार्ड मौजूद थे। इसके अलावा उसके पास उस अमेरिकी नागरिक का पुराना ड्राइविंग लाइसेंस भी बरामद हुआ, जिसका पासपोर्ट उसने पेश किया था।
न्याय विभाग के अधिकारियों ने कहा कि विदेशी नागरिकों का गलत पहचान के साथ देश में प्रवेश करना गंभीर चिंता पैदा करता है। सीमा सुरक्षा एजेंसियों को यह जानने का पूरा अधिकार है कि देश में कौन दाखिल हो रहा है। फिलहाल दोनों पर पासपोर्ट के दुरुपयोग का गंभीर मुकदमा चलेगा।