Moradabad News: उत्तर प्रदेश में आगामी विधानसभा चुनाव को लेकर राजनीतिक हलचल तेज हो गई है। इसी कड़ी में ऑल इंडिया मजलिस-ए-इत्तेहादुल मुस्लिमीन के प्रमुख असदुद्दीन ओवैसी 25 जुलाई को मुरादाबाद में एक बड़ी जनसभा करेंगे। इसे समाजवादी पार्टी के गढ़ में पैठ बनाने की बड़ी कोशिश माना जा रहा है।
राजनीतिक जानकारों का मानना है कि ओवैसी की इस तकरीर का आगामी विधानसभा चुनाव पर दूरगामी असर पड़ेगा। मुरादाबाद मंडल को सपा का मजबूत गढ़ माना जाता है। ऐसे में एआईएमआईएम प्रमुख यहां कई स्थानीय और प्रांतीय मुद्दों पर खुलकर अपनी बात रखेंगे और विपक्ष को घेरेंगे।
इस जनसभा में रामपुर की जौहर यूनिवर्सिटी का मुद्दा सबसे प्रमुख रहने की उम्मीद है। ओवैसी ने हाल ही में कहा था कि यह केवल एक यूनिवर्सिटी का मामला नहीं है। यह सीधे तौर पर मुस्लिम समाज की शिक्षा और उनके बेहतर भविष्य से जुड़ा हुआ एक गंभीर मुद्दा है।
सीएम योगी के बयानों पर ओवैसी कर सकते हैं पलटवार
ओवैसी मुरादाबाद और संभल मंडल के कई संवेदनशील मुद्दों पर जनता के बीच अपनी बात रखेंगे। हाल ही में मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने इस क्षेत्र का दौरा कर जनसभाएं की थीं। माना जा रहा है कि मुख्यमंत्री के बयानों पर ओवैसी इस मंच से कड़ा जवाबी हमला कर सकते हैं।
इस मंच से ओवैसी मुस्लिम समाज की एकजुटता पर जोर देंगे। इसके साथ ही वह खुद को अल्पसंख्यकों का हितैषी बताने वाले अन्य राजनीतिक दलों पर भी सीधे तीखे सवाल दाग सकते हैं। यह ऐतिहासिक जनसभा 25 जुलाई को शाम पांच बजे रामगंगा किनारे जामा मस्जिद मैदान में होगी।
भारी भीड़ जुटने का दावा, तैयारियां हुई तेज
जनसभा को लेकर क्षेत्र के सियासी गलियारों में चर्चाएं काफी तेज हो गई हैं। कार्यक्रम के संयोजक और एआईएमआईएम के प्रदेश सचिव वकी रशीद ने बताया कि मजलिस ने इस कार्यक्रम की सभी तैयारियां पूरी कर ली हैं। लोग बैरिस्टर साहब के भाषण को सुनने के लिए उत्सुक हैं।
आयोजकों का दावा है कि जनसभा में जामा मस्जिद पार्क का मैदान छोटा पड़ जाएगा, क्योंकि भारी संख्या में लोग जुटेंगे। वकी रशीद पहले ईदगाह में एनआरसी विरोधी धरने के कारण चर्चा में आए थे। अब उन्हें इस बड़े सियासी कार्यक्रम की पूरी कमान सौंपी गई है।