Kinnaur News: हिमाचल प्रदेश के सांगला और डोडरा-क्वार के बीच रुपिन पास पर हुए भारी हिमपात के चलते बड़ा संकट खड़ा हो गया है। बर्फबारी में फंसे भेड़पालकों और उनकी करीब दो हजार भेड़-बकरियों को सुरक्षित निकालने के लिए प्रशासन का रेस्क्यू ऑपरेशन जारी है। बर्फ पिघलने के बाद ही वास्तविक नुकसान का पता चल सकेगा।
तीन फीट बर्फ में सिर्फ सींग आ रहे नजर
रुपिन पास पर तीन फीट से ज्यादा ताजा बर्फ जम चुकी है, जिससे कई जानवर दब गए हैं। भेड़पालकों के अनुसार अधिकांश मवेशियों के सिर्फ सींग ही बाहर दिखाई दे रहे हैं। राजस्व मंत्री जगत सिंह नेगी ने बताया कि ऊंचाई वाले क्षेत्रों से लौटते समय दो अलग-अलग डेरे इस प्राकृतिक आपदा की चपेट में आ गए।
मानवीय क्षति नहीं, रेस्क्यू टीम पहुंची टॉप पर
राहत की बात यह है कि इस हादसे में किसी भी व्यक्ति की जान नहीं गई है। डोडरा-क्वार प्रशासन द्वारा गठित 12 सदस्यीय रेस्क्यू टीम मौके के टॉप पर पहुंच चुकी है। टीम में स्थानीय शेफर्ड, होमगार्ड, पुलिस और राजस्व कर्मी शामिल हैं। जो मवेशी चलने की हालत में थे, वे निचले इलाकों की तरफ पहुंच चुके हैं।
सैटेलाइट फोन और ड्रोन से निगरानी तेज
एसडीएम डोडरा-क्वार किर्ती चंदेल ने बताया कि क्षेत्र में नेटवर्क न होने से सैटेलाइट फोन के जरिए संपर्क साधा जा रहा है। वन विभाग के सहयोग से इलाके की ड्रोन मैपिंग भी करवाई जाएगी। सरकार ने भरोसा दिलाया है कि नुकसान का विस्तृत आकलन करवाकर प्रभावित भेड़पालकों को विशेष राहत पैकेज के तहत सहायता दी जाएगी।