Shimla News: हिमाचल प्रदेश में लगातार हो रही मानसूनी बारिश से जनजीवन अस्त-व्यस्त हो गया है। राज्य आपदा प्रबंधन की सोमवार शाम की रिपोर्ट के मुताबिक प्रदेश में 36 सड़कें यातायात के लिए पूरी तरह बंद हैं। इसके अलावा बारिश की वजह से 43 पेयजल योजनाएं भी बुरी तरह प्रभावित हुई हैं।
बारिश के कारण सड़कों के बंद होने से सबसे ज्यादा परेशानी मंडी जिले में देखने को मिल रही है। यहां अकेले 11 सड़कें बंद हैं, जिनमें सराज उपमंडल की नौ और थलौट उपमंडल की दो सड़कें शामिल हैं। इसके बाद चंबा जिले में भी 10 मार्ग बंद पड़े हैं, जिन्हें खोलने में लोक निर्माण विभाग जुटा है।
पेजल और बिजली आपूर्ति पर बारिश का असर
मानसूनी बारिश के कारण पेयजल आपूर्ति पर गहरा असर पड़ा है। सोमवार सुबह जहां सिर्फ 12 पेयजल योजनाएं ठप थीं, वहीं शाम तक यह आंकड़ा बढ़कर 43 पहुंच गया। इसमें सबसे ज्यादा नुकसान चंबा के तीसा उपमंडल में हुआ है, जहां अकेले 40 योजनाएं प्रभावित हुई हैं, जिससे पानी की किल्लत बढ़ गई है।
दूसरी तरफ बिजली विभाग ने बेहतर काम करते हुए विद्युत आपूर्ति को काफी हद तक बहाल कर दिया है। सुबह जहां 60 डिस्ट्रीब्यूशन ट्रांसफॉर्मर ठप पड़े थे, वहीं शाम तक केवल पांच ट्रांसफॉर्मर ही बंद रहे। बिजली कर्मचारियों की त्वरित कार्रवाई से अधिकांश इलाकों में बिजली की सप्लाई तेजी से वापस शुरू हो सकी।
सिरमौर में स्थिति और प्रशासन की अपील
सिरमौर जिले में भी बारिश का असर लगातार जारी है। मानसून के दौरान जिले में अब तक 149 सड़कें खोली जा चुकी हैं, लेकिन ताजा बारिश के बाद 61 मार्ग फिर बंद हो गए हैं। इसके अलावा क्षेत्र में 33 ट्रांसफॉर्मर और 12 पेयजल योजनाओं को दुरुस्त करने का काम तेजी से चल रहा है।
आपदा प्रबंधन प्राधिकरण और जिला प्रशासन स्थिति पर लगातार नजर बनाए हुए हैं। लैंडस्लाइड वाली जगहों पर भारी मशीनें लगाकर तुरंत मलबे को हटाया जा रहा है। प्रशासन ने आम लोगों से अपील की है कि वे खराब मौसम में अनावश्यक यात्रा न करें और उफान पर बहते नदी-नालों के पास जाने से बचें।