हिमाचल प्रदेश में मॉनसून की विदाई के बीच फिर बारिश के आसार, पश्चिमी विक्षोभ सक्रिय होने से तापमान में गिरावट

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Shimla News: हिमाचल प्रदेश में दक्षिण-पश्चिम मॉनसून की वापसी की आहट के बीच मौसम फिर करवट लेने वाला है। मौसम विज्ञान केंद्र के अनुसार एक से चार अक्टूबर तक मौसम साफ रहेगा। वहीं पांच और छह अक्टूबर को नया पश्चिमी विक्षोभ सक्रिय होने से मैदानी और मध्य पर्वतीय जिलों में बारिश की संभावना बनी हुई है।

मौसम विभाग के अनुसार कांगड़ा, हमीरपुर, बिलासपुर, मंडी, शिमला और सोलन में हल्की बारिश हो सकती है। हालांकि लाहुल स्पीति और किन्नौर जैसे उच्च पर्वतीय इलाकों में मौसम पूरी तरह साफ रहेगा। उत्तर हरियाणा के ऊपर बना चक्रवात 1.5 से 5.8 किलोमीटर ऊंचाई तक सक्रिय है, जिसका सीधा असर राज्य में दिख रहा है।

बुधवार को पूरे प्रदेश में धूप खिलने से मैदानी इलाकों में उमस महसूस की गई, जबकि रातें काफी ठंडी हो गई हैं। बुधवार को न्यूनतम तापमान सामान्य से 0.4 डिग्री सेल्सियस नीचे दर्ज किया गया। ताबो में तापमान माइनस तीन डिग्री, कुकुमसेरी में 4.4, केलंग में 4.8 और कल्पा में 7.2 डिग्री सेल्सियस दर्ज हुआ।

मौसम विज्ञान केंद्र शिमला के अनुसार अगले दो से तीन दिनों में हिमाचल से मॉनसून पूरी तरह विदा हो सकता है। अनुकूल परिस्थितियां बनने से वापसी की प्रक्रिया जारी है। राज्य में 30 जून को मॉनसून ने दस्तक दी थी और यह करीब 93 दिनों तक सक्रिय रहा। हालांकि प्रदेश में अब भी इसका असर दिख रहा है।

बीते 24 घंटों में रामपुर क्षेत्र में 16 मिलीमीटर बारिश दर्ज की गई है। इसके अलावा भारी बारिश के कारण राज्य भर में 46 सड़कें अभी भी बंद हैं। इस मॉनसून सीजन में 30 जून से 30 सितंबर तक विभिन्न हादसों में 374 लोगों की जान चली गई, चार लोग लापता हैं और 624 लोग घायल हुए हैं।

हादसों में 222 मौतें सड़क दुर्घटनाओं और 152 मौतें भूस्खलन व बाढ़ के कारण हुई हैं। प्राकृतिक आपदा से प्रदेश में लगभग 3220 करोड़ रुपये का भारी नुकसान हुआ है। इसमें अकेले लोक निर्माण विभाग को ही 2744 करोड़ रुपये की संपत्ति की क्षति पहुंची है। प्रशासन बंद सड़कों को खोलने में लगातार जुटा हुआ है।

Mohit
Mohit
पत्रकारिता के क्षेत्र में 9 सालों का अनुभव।

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