सुप्रीम कोर्ट का बड़ा अंतरिम आदेश, निर्धारित शैक्षणिक योग्यता के बिना स्कूलों और कॉलेजों में शिक्षक भर्ती पर लगाई रोक

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Delhi News: सुप्रीम कोर्ट ने शिक्षक भर्ती को लेकर बेहद महत्वपूर्ण अंतरिम आदेश जारी किया है। अदालत ने साफ किया है कि निर्धारित योग्यता पूरी न करने वाले उम्मीदवार शिक्षक नहीं बन सकते। शीर्ष अदालत ने इस मामले में केंद्र सरकार, सभी राज्य सरकारों और यूजीसी को नोटिस जारी कर जवाब मांगा है।

सुप्रीम कोर्ट ने स्पष्ट व्यवस्था दी है कि स्कूल, कॉलेज या विश्वविद्यालयों में केवल पात्र उम्मीदवार ही नियुक्त होंगे। राइट टू एजुकेशन (RTE), नेशनल काउंसिल फॉर टीचर एजुकेशन (NCTE) और यूनिवर्सिटी ग्रांट्स कमीशन (UGC) के मानकों का पालन अनिवार्य है। इन नियमों की अनदेखी कर की जाने वाली किसी भी शिक्षक नियुक्ति पर फिलहाल रोक रहेगी।

यह महत्वपूर्ण अंतरिम आदेश चीफ जस्टिस सूर्यकांत, जस्टिस जॉयमाल्या बागची और जस्टिस वी. मोहन की तीन सदस्यीय बेंच ने सुनाया। बेंच ने निर्देश दिया कि अंतरिम व्यवस्था के तौर पर केवल वही अभ्यर्थी शिक्षक बनाए जाएं, जो तय वैधानिक नियमों के तहत पूरी अनिवार्य योग्यता रखते हों। अयोग्य अभ्यर्थियों की नियुक्ति स्वीकार्य नहीं होगी।

यह आदेश राजेश चौहान की ओर से दाखिल एक जनहित याचिका पर सुनवाई करते हुए जारी किया गया। याचिकाकर्ता ने उन वैधानिक व्यवस्थाओं को असंवैधानिक घोषित करने की मांग की थी, जिनके जरिए निजी या अस्थायी संस्थानों के शिक्षकों और कर्मचारियों को बिना पारदर्शी, निष्पक्ष और प्रतिस्पर्धी चयन परीक्षा के सीधे सरकारी सेवा में नियमित कर दिया जाता है।

याचिका में शिक्षकों और कर्मचारियों के प्रांतीयकरण (प्रोविन्सियलाइजेशन) से जुड़ी सरकारी योजनाओं को चुनौती दी गई है। सुप्रीम कोर्ट के इस ताजा रुख का सीधा असर उन लोगों पर पड़ेगा, जो संबंधित पदों के लिए आवश्यक शर्तें पूरी नहीं करते हैं। अदालत ने कहा कि चयन प्रक्रिया में पूरी पारदर्शिता और नियमों का कड़ाई से पालन होना जरूरी है।

आसान शब्दों में समझें तो देश की सबसे बड़ी अदालत ने साफ कर दिया है कि बिना योग्यता किसी को शिक्षक नहीं बनाया जाएगा। स्कूलों में शिक्षकों के चयन के लिए आरटीई और एनसीटीई मानक तय करते हैं, जबकि उच्च शिक्षा में यूजीसी के नियम लागू होते हैं। अदालत ने अब सभी पक्षों से इस पर विस्तृत जवाब मांगा है।

Right News Desk
Right News Desk
लॉ और पत्रकारिता स्नातक, पत्रकारिता में 11 वर्ष का अनुभव

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