Shimla News: हिमाचल प्रदेश में भारी बारिश का दौर जारी है। मौसम विभाग ने 5 सितंबर तक हल्की से मध्यम वर्षा का अनुमान जताया है। 3 सितंबर तक चंबा, कांगड़ा, मंडी, बिलासपुर और सिरमौर में भारी बारिश की चेतावनी जारी की गई है। भूस्खलन से प्रदेश की 60 सड़कें पूरी तरह ठप हो गई हैं।
राज्य में मानसून सीजन के दौरान 30 जून से 1 सितंबर के बीच 1200 करोड़ रुपये से अधिक की संपत्ति का नुकसान दर्ज हुआ है। बारिश से सबसे ज्यादा असर ग्रामीण क्षेत्रों के सड़क नेटवर्क पर पड़ा है। यातायात ठप होने से आम जनता की आवाजाही पूरी तरह से प्रभावित हो चुकी है।
जिला सिरमौर में नाहन-श्रीरेणुकाजी मार्ग नैहली के पास पहाड़ी दरकने के कारण पूरी तरह बंद हो गया है। एसडीएम नाहन राजीव संख्यान ने यात्रियों से जमटा-बिरला या शिलनू-कैलाश वैकल्पिक रास्तों का इस्तेमाल करने की अपील की है। मार्ग की बहाली में काफी अधिक समय लगने की संभावना जताई गई है।
सिरमौर आपदा प्रबंधन के अनुसार जिले में 18 सड़कें बंद हैं, जिनमें नाहन मंडल की 14 और पांवटा साहिब मंडल की 4 सड़कें शामिल हैं। बारिश से लोक निर्माण विभाग को 3.16 करोड़ और जल शक्ति विभाग की 35 पेयजल योजनाओं के प्रभावित होने से 2.22 करोड़ रुपये की क्षति पहुंची है।
मौसम आंकड़ों के मुताबिक राज्य में अगस्त महीने के दौरान सामान्य से 17 प्रतिशत कम बारिश दर्ज की गई है। औसत 256.8 मिलीमीटर के मुकाबले केवल 212.5 मिलीमीटर बारिश हुई। वर्ष 1901 के बाद से यह अगस्त महीने की 29वीं सबसे कम बारिश रिकॉर्ड की गई है।
सुलह विधानसभा क्षेत्र की साम्बा पंचायत में सोमवार रात एक दर्दनाक हादसा हुआ। वार्ड दो में कच्चे स्लेटपोश मकान की छत ढहने से 106 वर्षीय लच्छी देवी की दबकर मौत हो गई। भवारना पुलिस ने मौके पर पहुंचकर परिजनों के बयान दर्ज किए और मामले की जांच शुरू की।