Kullu News: हिमाचल प्रदेश के कुल्लू जिले के आनी उपमंडल में शुक्रवार सुबह भूस्खलन के कारण दर्दनाक सड़क हादसा हो गया। राणाबाग-देवरी मार्ग पर करशैघाट के पास अचानक पहाड़ी से गिरे पत्थरों की चपेट में एक कार आ गई। हादसे में खनेरी के प्रसिद्ध डॉक्टर और उनकी पत्नी की मौके पर ही मौत हो गई।
हादसे में रामपुर स्थित श्रीखंड हॉस्पिटल के संचालक व स्त्रीरोग विशेषज्ञ डॉ. बृज लाल ठाकुर और उनकी पत्नी सुनीता देवी का निधन हो गया। वहीं उनकी 18 साल की बेटी भव्या गंभीर रूप से घायल हुई हैं। इस दुखद घटना के बाद पूरे क्षेत्र में शोक की लहर दौड़ गई है।
करशैघाट के पास हुआ भीषण सड़क हादसा
जानकारी के मुताबिक, यह हादसा शुक्रवार सुबह लगभग साढ़े दस बजे हुआ। डॉ. बृज लाल ठाकुर अपने परिवार के साथ कार से यात्रा कर रहे थे। उसी दौरान करशैघाट के पास अचानक पहाड़ी से भारी चट्टानें कार पर आ गिरीं। जोरदार टक्कर से अनियंत्रित होकर कार गहरी खाई में जा गिरी।
हादसे के तुरंत बाद स्थानीय लोगों ने राहत और बचाव कार्य शुरू कर दिया। इसके साथ ही प्रशासन और पुलिस को भी घटना की सूचना दी गई। बचाव दल और ग्रामीणों ने कड़ी मशक्कत करके घायलों और शवों को खाई से बाहर निकाला। हालांकि डॉक्टर दंपति को नहीं बचाया जा सका।
चिकित्सा क्षेत्र और स्थानीय लोगों में शोक
हादसे में गंभीर रूप से घायल बेटी भव्या को प्राथमिक उपचार के बाद अस्पताल में भर्ती कराया गया है। मृतकों की पहचान 60 वर्षीय डॉ. बृज लाल ठाकुर और 54 वर्षीया सुनीता देवी के रूप में हुई है। डॉ. ठाकुर का परिवार मूल रूप से आनी क्षेत्र के अमरबाग का निवासी था।
डॉ. ठाकुर लंबे समय से शिमला जिले के रामपुर स्थित खनेरी में निजी अस्पताल चला रहे थे। उनके निधन की खबर से चिकित्सा जगत में शोक छा गया। पुलिस ने दोनों शवों को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है। पुलिस मामले की विधिक कार्रवाई कर रही है।
हिमाचल में मानसून के दौरान बढ़ा भूस्खलन का खतरा
यह घटना दिखाती है कि इस बार मानसून हिमाचल प्रदेश में जानलेवा साबित हो रहा है। बीते हफ्ते लाहौल-स्पीति जिले में पहाड़ी से गिरे मलबे की चपेट में आने से टाटा सूमो दुर्घटनाग्रस्त हो गई थी। उस हादसे में चंबा जिले के पांगी क्षेत्र के 13 लोगों की जान चली गई थी।
राज्य आपातकालीन परिचालन केंद्र के अनुसार भूस्खलन की वजह से प्रदेश में 100 से अधिक सड़कें बंद हैं। मौसम विभाग ने 6 अगस्त तक भारी बारिश की चेतावनी दी है। प्रशासन ने लोगों और पर्यटकों को सतर्क रहने और संवेदनशील इलाकों में न जाने की सलाह दी है।