देहरादून में रिहायशी इलाकों के पटाखा गोदामों से हादसे का खतरा, प्रशासन ने शुरू की सुरक्षा मानकों की जांच

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Dehradun News: देहरादून के घनी आबादी वाले क्षेत्रों और व्यस्त बाजारों में पटाखों के असुरक्षित भंडारण से गंभीर हादसे की आशंका बनी हुई है। पूर्व में ट्रांसपोर्ट नगर और सहारनपुर रोड पर हुए अग्निकांडों के मद्देनजर अग्निशमन विभाग ने शहर के सभी थोक गोदामों और अवैध भंडारण की सघन जांच शुरू कर दी है। सुरक्षा मानकों की अनदेखी करने वाले गोदामों को तत्काल सील करने की चेतावनी दी गई है।

दीपावली के त्योहारी सीजन में बाजारों की चहल-पहल बढ़ने के साथ ही शहर के कई इलाकों में पटाखों का असुरक्षित भंडारण स्थानीय नागरिकों के लिए बड़े खतरे की वजह बन रहा है। घनी आबादी, व्यावसायिक प्रतिष्ठानों और व्यस्त सड़कों के पास नियमों को ताक पर रखकर संचालित हो रहे गोदामों में आग लगने की स्थिति में बड़ा जान-माल का नुकसान हो सकता है। देहरादून में पूर्व में हुई घटनाएं इस खतरे की गंभीरता को पहले ही उजागर कर चुकी हैं।

पूर्व में हुए अग्निकांडों से नहीं लिया गया सबक

राजधानी के ट्रांसपोर्ट नगर में 25 सितंबर 2024 को एक पटाखा गोदाम में भीषण आग लगने के बाद लगातार धमाके हुए थे। उस दौरान दमकल की तीन गाड़ियों ने करीब दो घंटे की कड़ी मशक्कत के बाद आग पर काबू पाया था, जिसमें गोदाम के अवैध संचालन की बात सामने आई थी।

इसी तरह सहारनपुर रोड स्थित एक गोदाम में भी बार-बार आग लगने की घटनाएं दर्ज हुईं। 23 अक्टूबर 2024 को प्रशासन ने उक्त गोदाम में तीसरी बार आग लगने की सूचना के बाद कार्रवाई करते हुए आवश्यक दस्तावेज न मिलने पर उसे सील कर दिया था। ये घटनाएं साबित करती हैं कि सुरक्षा और दूरी के नियमों की अनदेखी किस कदर भारी पड़ सकती है।

बिना लाइसेंस बिक्री की शिकायतें और रिहायशी इलाके

जिला प्रशासन की हालिया समीक्षा बैठक के अनुसार जिले में 13 लाइसेंसधारी थोक पटाखा कारोबारियों का पंजीकरण है। प्रशासन ने इन गोदामों के नियमित सत्यापन के आदेश दिए हैं। हालांकि स्थानीय निवासियों का आरोप है कि केवल लाइसेंस होना ही सुरक्षा की गारंटी नहीं है, बल्कि वहां रखी जाने वाली पटाखों की मात्रा और अग्निशमन उपकरणों की नियमित जांच होना आवश्यक है।

त्योहारी सीजन में पटाखों की आधिकारिक अस्थायी बिक्री के लाइसेंस जारी होने से पहले ही धामावाला, सप्लाई रोड, बंजारावाला, देहराखास, जाखन, रायपुर और मोती बाजार जैसे इलाकों में बिना अनुमति पटाखों की बिक्री और भंडारण की शिकायतें सामने आ चुकी हैं, जिस पर प्रशासन ने त्वरित कार्रवाई के निर्देश दिए हैं।

प्रशासन की सख्त कार्रवाई की तैयारी और कानूनी राय

सहायक शासकीय अधिवक्ता राजीव कुमार गुप्ता का कहना है कि पटाखों के कारोबार की सुरक्षा जांच केवल त्योहार के दिनों तक सीमित नहीं होनी चाहिए। थोक गोदामों की सूची सार्वजनिक की जाए, उनकी भंडारण क्षमता का भौतिक सत्यापन हो और रिहायशी क्षेत्रों में विस्फोटक सामग्री की शिकायत मिलने पर तुरंत कानूनी कार्रवाई सुनिश्चित की जाए।

मुख्य अग्निशमन अधिकारी संदीप तिवारी ने बताया कि शहर में संचालित पटाखों के सभी गोदामों का रिकॉर्ड खंगाला जा रहा है। अगले दो से तीन दिनों में सभी चिन्हित स्थानों का विस्तृत निरीक्षण कर अग्निशमन सुरक्षा उपायों की पड़ताल की जाएगी। उन्होंने स्पष्ट किया कि सुरक्षा मानकों का उल्लंघन करने वाले या अवैध रूप से चल रहे गोदामों को बिना किसी ढिलाई के तत्काल सील किया जाएगा।

Desh Raj
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