Delhi News: देश में पिछले कुछ सालों से सोने के भाव में तेजी जारी है। बीते एक साल में इसके दाम करीब दोगुने हो चुके हैं। इस तेज उछाल के कारण बाजार में ग्राहकों की जेब पर असर पड़ा है, जिससे त्योहारी सीजन में सोने की कुल बिक्री में बड़ी गिरावट दर्ज की गई है।
गणेश चतुर्थी पर भाव में रिकॉर्ड बढ़ोतरी और असर
पिछले साल गणेश चतुर्थी पर सोने का भाव लगभग 98,000 रुपये प्रति 10 ग्राम था। इस साल इसी मौके पर यह बढ़कर 1.57 लाख रुपये प्रति 10 ग्राम तक पहुंच गया। महज एक साल के अंदर कीमत में करीब 60 फीसदी की जोरदार तेजी आई है, जिसने ग्राहकों को पूरी तरह चौंका दिया है।
दामों में आए इस तेज उछाल के चलते इस साल गणेश चतुर्थी और फेस्टिव सीजन में सोने की बिक्री 15 फीसदी घट गई। ज्वेलरी कारोबारियों का कहना है कि भाव बहुत ज्यादा बढ़ने से भारी गहने आम लोगों के बजट से बाहर हो गए हैं। इस वजह से लोगों ने भारी खरीदारी से दूरी बनाई है।
सिक्कों और हल्के गहनों की मांग में इजाफा
बढ़ती दरों के कारण खरीदारों का तरीका भी पूरी तरह बदल चुका है। अब ग्राहक भारी आभूषणों के स्थान पर हल्के गहने और सोने के सिक्के लेना ज्यादा पसंद कर रहे हैं। इस बदलाव से लोग अपने तय बजट में ही रहकर जरूरी खरीदारी पूरी कर रहे हैं, जिससे बाजार का रुख बदल रहा है।
सोने की मूल कीमत के साथ हॉलमार्किंग और अन्य खर्च बढ़ने से शादी-ब्याह वाले परिवारों पर अतिरिक्त आर्थिक बोझ पड़ा है। यदि भाव ऐसे ही चढ़ते रहे, तो लोग खरीदारी टाल सकते हैं। इससे आभूषण कारोबार प्रभावित हो सकता है, हालांकि आने वाले समय में हल्के गहनों और सिक्कों की मांग मजबूत रहने की उम्मीद है।