Delhi News: मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे और एसआईआर प्रक्रिया में सुधार की मांग को लेकर इंडिया गठबंधन ने दिल्ली में मोर्चा खोल दिया है। मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह सुक्खू अपने सारे पूर्व निर्धारित कार्यक्रम रद्द कर सुबह ही दिल्ली पहुंचे। वे राजघाट पर विपक्षी नेताओं के साथ धरने में शामिल हुए।
राजघाट पर आयोजित प्रदर्शन में कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे, लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी और सांसद प्रियंका गांधी वाड्रा के साथ सीएम सुक्खू भी बैठे। उन्होंने केंद्र सरकार पर तीखा हमला बोलते हुए कहा कि विपक्षी सांसदों को शांतिपूर्ण मार्च निकालने से रोकना लोकतांत्रिक अधिकारों का खुला हनन है।
संवैधानिक संस्थाओं के दुरुपयोग का आरोप, आयोग की निष्पक्षता पर सवाल
सीएम सुक्खू ने केंद्र सरकार पर पुलिस बल और संवैधानिक संस्थाओं का दुरुपयोग कर विपक्ष की आवाज दबाने का आरोप लगाया। उन्होंने कहा कि राहुल गांधी जनता के अधिकारों की लड़ाई लड़ रहे हैं और उनके खिलाफ की गई कार्रवाई तानाशाही की सीमा है। इसके साथ ही उन्होंने चुनाव आयोग की निष्पक्षता पर गंभीर सवाल उठाए।
सुक्खू ने मुख्य चुनाव आयुक्त से तत्काल इस्तीफे की मांग दोहराई। उन्होंने बताया कि हिमाचल प्रदेश के सभी जिलों में पार्टी कार्यकर्ताओं ने केंद्र और चुनाव आयोग के खिलाफ जोरदार प्रदर्शन किया है। इससे पहले बुधवार को शिमला स्थित राजभवन के बाहर मंत्रियों और विधायकों ने राज्यपाल को ज्ञापन सौंपा था।
शिमला का कार्यक्रम रद्द कर पहुंचे थे दिल्ली, शुक्रवार को होगी वापसी
मुख्यमंत्री सुक्खू को वीरवार को शिमला के ऐतिहासिक रिज मैदान पर वन विभाग के वन्यजीव विंग द्वारा आयोजित वन्यजीव सप्ताह-2026 के समापन समारोह में जाना था। हालांकि एकाएक कार्यक्रम बदलकर वह दिल्ली रवाना हो गए। दिल्ली में प्रदर्शन के बाद देर शाम वे चंडीगढ़ पहुंचे और शुक्रवार को शिमला लौटेंगे।
