Prayagraj News: यूपी बोर्ड की हाईस्कूल और इंटरमीडिएट परीक्षा 2027 में शामिल होने वाले 50 लाख से अधिक छात्र-छात्राओं के प्रवेश पत्र पर पहली बार उनके डिजिटल हस्ताक्षर अंकित होंगे। बोर्ड परीक्षा को पूरी तरह नकलविहीन और पारदर्शी बनाने के उद्देश्य से यह नई व्यवस्था लागू की गई है।
वर्तमान में चल रही 10वीं और 12वीं की ऑनलाइन पंजीकरण प्रक्रिया के दौरान परीक्षार्थियों की फोटो के साथ-साथ उनके हस्ताक्षर भी स्कैन करके अपलोड कराए जा रहे हैं। परीक्षा केंद्र पर छात्र की उपस्थिति पंजिका और उत्तरपुस्तिका के हस्ताक्षर का मिलान प्रवेश पत्र पर मौजूद हस्ताक्षर से किया जाएगा।
सॉल्वर गैंग और फर्जीवाड़े पर कसने जा रहा शिकंजा
पिछली परीक्षाओं में वास्तविक अभ्यर्थियों के स्थान पर सॉल्वर को बैठाने और निजी स्कूल संचालकों द्वारा फोटो मिक्सिंग के जरिए धांधली करने की कई शिकायतें सामने आई थीं। ऐसे नकल माफिया और सॉल्वरों के खिलाफ विभिन्न जिलों में एफआईआर भी दर्ज की जा चुकी है।
यूपी बोर्ड सचिव भगवती सिंह ने स्पष्ट किया है कि परीक्षा कक्ष में यदि प्रवेश पत्र के हस्ताक्षर और उत्तरपुस्तिका पर किए गए हस्ताक्षर में कोई भिन्नता पाई जाती है, तो संबंधित छात्र के खिलाफ तत्काल कड़ी कानूनी कार्रवाई की जाएगी। इससे फर्जीवाड़े पर पूरी तरह से रोक लगेगी।
10वीं और 12वीं के ऑनलाइन रजिस्ट्रेशन का शेड्यूल जारी
शैक्षणिक सत्र 2026-27 के लिए संस्थागत और व्यक्तिगत परीक्षार्थियों के पंजीकरण की अंतिम तिथि 5 अगस्त निर्धारित की गई है। प्रधानाचार्यों द्वारा कोषागार में परीक्षा शुल्क जमा करने की अंतिम तिथि 10 अगस्त तय की गई है। इसके बाद 100 रुपये विलंब शुल्क के साथ 16 अगस्त तक शुल्क जमा होगा।
विद्यालयों द्वारा बोर्ड की आधिकारिक वेबसाइट पर छात्र-छात्राओं के शैक्षणिक विवरण अपलोड करने की अंतिम समय-सीमा 16 अगस्त की रात 12 बजे तक रखी गई है। इसके बाद प्रधानाचार्य 30 सितंबर तक पंजीकृत विद्यार्थियों की फोटोयुक्त नामावली और संबंधित दस्तावेज बोर्ड कार्यालय में जमा करेंगे।