Prayagraj News: उत्तर मध्य रेलवे भर्ती प्रकोष्ठ (आरआरसी) द्वारा डीएसए ग्राउंड पर आयोजित ग्रुप-डी पदों की शारीरिक दक्षता परीक्षा में सोमवार को बड़ा उलटफेर देखने को मिला। परीक्षा के दौरान 1000 मीटर की दौड़ में सबसे ज्यादा अभ्यर्थी बाहर हो गए। दोपहर में बढ़ी उमस के कारण कई अभ्यर्थियों की सेहत भी बिगड़ गई।
दौड़ पूरी करने के बाद कई अभ्यर्थी अत्यधिक थकान के कारण मैदान पर ही लेट गए। दूसरी तरफ 35 किलो वजन उठाकर 100 मीटर चलने की परीक्षा अधिकांश युवाओं ने आसानी से पास कर ली। सफल अभ्यर्थियों के चेहरों पर खुशी साफ नजर आई, जबकि असफल छात्र अगली भर्ती की तैयारी में जुटने की बात कहने लगे।
सोमवार को 872 अभ्यर्थियों में से केवल 500 हुए सफल
सीपीआरओ डॉ. शिवम शर्मा ने बताया कि सोमवार को कुल 1,261 अभ्यर्थियों को बुलाया गया था, जिनमें से 872 उपस्थित हुए। इस परीक्षा में 500 अभ्यर्थी सफल रहे, जबकि 372 को असफल घोषित कर दिया गया। असफल होने वाले अधिकतर अभ्यर्थी तय समयसीमा के भीतर अपनी 1000 मीटर की दौड़ पूरी नहीं कर पाए थे।
आंकड़ों के अनुसार 25 जुलाई को 251 सफल और 229 असफल हुए थे। वहीं 26 जुलाई को 622 अभ्यर्थी सफल और 306 असफल घोषित किए गए थे। 27 जुलाई को 500 सफल रहे जबकि 372 असफल रहे। कई अभ्यर्थियों ने समय से पहले दोनों चरणों को पूरा करके अपनी योग्यता साबित की।
महिला अभ्यर्थियों के लिए परीक्षा के नियम और मानक
मंगलवार को महिला अभ्यर्थियों की शारीरिक परीक्षा आयोजित की जाएगी। पुरुषों के लिए 1,000 मीटर दौड़ 4 मिनट 15 सेकेंड में और 35 किलो वजन उठाकर 100 मीटर दूरी 2 मिनट में तय करना अनिवार्य था। महिला अभ्यर्थियों को 1,000 मीटर दौड़ 5 मिनट 40 सेकेंड में तथा 20 किलो वजन उठाकर 100 मीटर दूरी 2 मिनट में पूरी करनी होगी।
मैदान के बाहर परिजनों का उत्साह देखने लायक था। बाउंड्री के पार मौजूद परिजन दौड़ रहे युवाओं का लगातार हौसला बढ़ा रहे थे। परिजनों की तालियों और उत्साहवर्धन की आवाजों ने अंतिम पलों में थक चुके कई अभ्यर्थियों में नई ऊर्जा भर दी, जिससे वे अपनी दौड़ पूरी करने में सफल रहे।