Shimla News: कुल्लू के क्षेत्रीय अस्पताल में प्रसव के बाद 23 वर्षीय रजनी शर्मा की मौत का मामला सोमवार को विधानसभा में उठा। मुख्यमंत्री सुखविंद्र सिंह सुक्खू ने बताया कि अब तक की जांच में मौत का कारण अत्यधिक रक्तस्राव सामने आया है। अतिरिक्त निदेशक स्वास्थ्य सेवाएं की अध्यक्षता में मेडिकल बोर्ड गठित कर जांच जारी है।
मुख्यमंत्री सुक्खू ने सदन में स्पष्ट किया कि रिपोर्ट आने के बाद दोषियों पर बिना किसी दबाव के कठोर कार्रवाई होगी। उन्होंने विपक्ष से संवेदनशील मामले पर राजनीति न करने की अपील की। स्वास्थ्य मंत्री डॉ. धनीराम शांडिल ने बताया कि शुरुआती जांच के आधार पर दो डॉक्टरों और एक नर्स को सस्पेंड कर दिया गया है।
नेता प्रतिपक्ष जयराम ठाकुर ने सरकार की कार्रवाई पर सवाल उठाते हुए स्पष्ट जवाब की मांग की। सीएम ने बताया कि 29 जून को अस्पताल परिसर में हुए प्रदर्शन को लेकर एफआईआर दर्ज कर एसआईटी जांच कर रही है। उन्होंने कहा कि अस्पताल के भीतर मरीजों की सुरक्षा से समझौता कर किया गया प्रदर्शन स्वीकार्य नहीं है।
इसके साथ ही राज्य की स्वास्थ्य व्यवस्था सुधारने के लिए सरकार ने बड़ा निर्णय लिया है। मुख्यमंत्री ने विधायक संजय अवस्थी के सवाल पर कहा कि एक ही पंचायत में चल रही एलोपैथिक और आयुर्वेदिक डिस्पेंसरियों का युक्तिकरण होगा। एक संस्थान को ऐसे क्षेत्र में शिफ्ट किया जाएगा जहां स्वास्थ्य सेवाओं की जरूरत ज्यादा होगी।
आयुष मंत्री यादवेंद्र गोमा ने जानकारी दी कि विभाग में डॉक्टरों और कर्मचारियों की तैनाती ओपीडी में मरीजों की संख्या के आधार पर होगी। जिन स्वास्थ्य केंद्रों में ज्यादा मरीज आएंगे, वहां प्राथमिकता से स्टाफ नियुक्त किया जाएगा। इससे ग्रामीण और दूरदराज के क्षेत्रों के लोगों को बेहतर मेडिकल सुविधाएं आसानी से मिल सकेंगी।