New Delhi News: उपभोक्ता मामलों की सचिव निधि खरे ने स्पष्ट किया है कि केंद्र सरकार का प्याज बफर स्टॉक पूरी तरह सुरक्षित और अच्छी गुणवत्ता में है। उन्होंने उन सभी मीडिया रिपोर्टों को खारिज कर दिया जिनमें दावा किया गया था कि 1.21 लाख टन बफर स्टॉक का 30 फीसदी हिस्सा सड़ चुका है।
सचिव निधि खरे ने बताया कि प्याज की शेल्फ लाइफ बढ़ाने के लिए इस साल पहली बार भंडारण का जिम्मा सेंट्रल वेयरहाउसिंग कॉरपोरेशन (CWC) को सौंपा गया है। पहले यह स्टॉक निजी व्यापारियों के पास रखा जाता था। इस बार थर्ड पार्टी एजेंसी नियमित अंतराल पर स्टॉक की गुणवत्ता की सख्त जांच कर रही है।
बेहतर भंडारण से इस साल 72 प्रतिशत रिकवरी की उम्मीद
प्याज में 90 प्रतिशत पानी की मात्रा होती है और कटाई के तीन महीने बाद वाष्पीकरण से इसका वजन घटता है। बफर स्टॉक का बड़ा हिस्सा जून और जुलाई में खरीदा गया था। इसी वजह से इस साल प्याज की रिकवरी 72 प्रतिशत रहने का अनुमान है, जो पिछले वर्षों से काफी अधिक है।
नैफेड और एनसीसीएफ के जरिए खरीदे गए इस स्टॉक के अलावा खरीफ फसल की स्थिति भी काफी बेहतर है। अल नीनो का असर समाप्त होने, बेहतर सिंचाई सुविधाओं और प्रमुख जलाशयों में पानी का स्तर ठीक रहने से आगामी रबी और खरीफ प्याज की पैदावार बाजार में आपूर्ति और कीमतों को स्थिर रखेगी।