Barpeta News: गुवाहाटी के होटल बिलास इन में हुई गोलीबारी में मारे गए एक ही परिवार के चार सदस्यों का बरपेटा के मुक्तिधाम श्मशान घाट पर अंतिम संस्कार किया गया। इस गोलीबारी में कुल पांच लोगों की मौत हुई थी। घटना के बाद मृतक दंपति के दो मासूम बच्चे अनाथ हो गए हैं, जिससे पूरे क्षेत्र में शोक की लहर है।
गुवाहाटी के बोरा सर्विस स्थित ‘होटल बिलास इन’ में हुई गोलीबारी में जान गंवाने वाले एक ही परिवार के चार सदस्यों के पार्थिव शरीर बरपेटा पहुंचते ही पूरे क्षेत्र में मातम छा गया। मंगलवार देर रात बरपेटा के मुक्तिधाम श्मशान घाट पर चारों शवों की चिताएं एक साथ जलाई गईं। इस दौरान परिजनों और स्थानीय लोगों की भारी भीड़ मौजूद रही।
होटल के पट्टे और प्रबंधन को लेकर विवाद में चली थीं गोलियां
इस वारदात में होटल की स्वामिनी हेलेना भराली, उनके बड़े भाई भूदेव भराली, बेटे देवर्षि कश्यप और बहू रिनिका कश्यप की मौत हो गई थी। गुवाहाटी चिकित्सा महाविद्यालय अस्पताल (जीएमसीएच) में पोस्टमार्टम के बाद शवों को बरपेटा स्थित उनके पैतृक आवास लाया गया था।
प्रारंभिक जानकारी के अनुसार, 26 अक्टूबर की रात होटल के पट्टे (लीज) और उसके प्रबंधन को लेकर हुए विवाद के बाद गोलीबारी हुई थी। इस मामले में घनकांत गोगोई पर अंधाधुंध गोलियां चलाने का आरोप लगा है। वारदात में नारायण दास नामक एक अन्य रिश्तेदार की भी जान चली गई, जिससे इस घटना में कुल मृतकों की संख्या पांच हो गई है।
माता-पिता की मौत के बाद अनाथ हुए दो मासूम बच्चे
इस घटना में देवर्षि कश्यप और उनकी पत्नी रिनिका कश्यप की असमय मौत से उनके दो छोटे बच्चे अनाथ हो गए हैं। परिवार में करीब सात से आठ वर्ष की बेटी और डेढ़ वर्ष का बेटा अब पूरी तरह बेसहारा हो गए हैं। अंतिम विदाई के समय बच्चों की स्थिति देख वहां मौजूद सभी लोग गमगीन हो गए।
इस सामूहिक हत्याकांड के बाद बरपेटा और आसपास के इलाकों में गहरा आक्रोश व्याप्त है। स्थानीय नागरिकों और समाज के प्रबुद्ध वर्ग ने प्रशासन और पुलिस से मामले की निष्पक्ष जांच करते हुए आरोपियों के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई करने की मांग की है।