Chennai News: तमिलनाडु में कॉलेज छात्रों के विरोध-प्रदर्शनों और आंदोलनों में भाग लेने पर रोक लगाने वाले सरकारी निर्देश को प्रशासन ने 24 घंटे के भीतर वापस ले लिया है। कॉलेजिएट एजुकेशन निदेशालय ने राज्य के सभी सरकारी आर्ट्स और साइंस कॉलेजों के प्रिंसिपलों को जारी अपना पुराना आदेश औपचारिक रूप से रद्द कर दिया है।
कॉलेजिएट एजुकेशन निदेशालय ने जारी किया वापसी का आदेश
कॉलेज शिक्षा विभाग की संयुक्त निदेशक सिंथिया सेल्वी पी ने मंगलवार को नया निर्देश जारी कर 17 अगस्त वाले पिछले आदेश को वापस लेने की पुष्टि की। पूर्व में यह कदम वामपंथी दलों और स्थानीय संगठनों द्वारा आयोजित कार्यक्रमों को ध्यान में रखते हुए उठाया गया था, जिसकी व्यापक स्तर पर चर्चा हो रही थी।
हाल ही में चीफ जस्टिस सूर्य कांत ने भी छात्र राजनीति और अभिव्यक्ति की स्वतंत्रता पर महत्वपूर्ण टिप्पणी की थी। उन्होंने कहा था कि छात्रों को अपनी बात रखने और शांतिपूर्ण विरोध करने का मौलिक अधिकार है। उच्च शिक्षा विभाग के तहत कार्यरत निदेशालय राज्य के सभी सरकारी कॉलेजों की व्यवस्था देखता है।
‘स्कूल ठीक करो’ अभियान और आंदोलनों की पृष्ठभूमि
यह विवादित आदेश ऐसे समय में सामने आया था जब विभिन्न छात्र संगठनों ने स्कूलों की स्थिति में सुधार के लिए अभियान शुरू किया था। विभिन्न मांगों को लेकर छात्र कई स्तरों पर आवाज उठा रहे थे। आदेश वापस होने के बाद अब कॉलेजों में पूर्व की तरह सामान्य व्यवस्था लागू रहेगी।