Male News: भारत और मालदीव के द्विपक्षीय संबंधों को मजबूत करते हुए भारत सरकार ने एक बड़ा कदम उठाया है। भारत ने मालदीव के 42 द्वीपों पर आधुनिक फिटनेस और मनोरंजन केंद्र बनाने के लिए वित्तीय सहायता दी है। इस परियोजना से द्वीपीय इलाकों के नागरिकों को बेहतर स्वास्थ्य सुविधाएं मिलेंगी।
इस परियोजना का मुख्य मकसद महिलाओं, लड़कियों और युवाओं को सेहतमंद जीवनशैली के लिए प्रेरित करना है। रविवार को राजधानी माले में आयोजित एक विशेष कार्यक्रम में दोनों देशों ने समझौता ज्ञापनों (एमओयू) पर हस्ताक्षर किए। कार्यक्रम में दोनों देशों के प्रमुख अधिकारी और मंत्री विशेष रूप से मौजूद रहे।
परियोजना का उद्देश्य और वित्तीय बजट की जानकारी
हस्ताक्षर समारोह में मालदीव की विदेश मंत्री इरुथिशम एडम, भारतीय उच्चायुक्त जी. बालासुब्रमण्यन और मालदीव के खेल मंत्री अब्दुल्ला राफियू उपस्थित थे। समझौते के तहत भारत इन सभी 42 केंद्रों के लिए जरूरी उपकरण मुहैया कराएगा। इससे स्थानीय समुदायों के शारीरिक स्वास्थ्य के स्तर में सुधार देखने को मिलेगा।
यह परियोजना भारत की हाई इंपैक्ट कम्युनिटी डेवलपमेंट प्रोजेक्ट (एचआईसीडीपी) के तहत पूरी की जा रही है। इस योजना का कुल बजट बढ़ाकर 35.5 करोड़ मालदीवी रूफिया (लगभग 2.29 करोड़ अमेरिकी डॉलर) तय किया गया है। इसमें महिलाओं और युवाओं की भागीदारी पर विशेष जोर दिया जाएगा।
द्विपक्षीय सहयोग और मालदीव का आभार व्यक्त
मालदीव की विदेश मंत्री इरुथिशम एडम ने इस कदम को द्वीपीय नागरिकों के कल्याण के लिए महत्वपूर्ण निवेश बताया। उन्होंने कहा कि इससे सामाजिक समावेशन और महिला सशक्तीकरण को बल मिलेगा। उन्होंने निरंतर मदद के लिए भारत सरकार, प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और विदेश मंत्री एस. जयशंकर का धन्यवाद किया।
भारत लंबे समय से मालदीव का एक भरोसेमंद और प्रमुख विकास साझेदार रहा है। दोनों देश स्वास्थ्य, शिक्षा, आवास, ट्रांसपोर्ट, कनेक्टिविटी और इंफ्रास्ट्रक्चर डेवलपमेंट जैसे कई अहम क्षेत्रों में मिलकर काम कर रहे हैं। इस नई योजना से दोनों देशों के रिश्ते और अधिक मजबूत होंगे।