Shimla News: हिमाचल प्रदेश में मानसून के खतरे को देखते हुए प्रशासन पूरी तरह से अलर्ट हो गया है। मुख्य सचिव कमलेश कुमार पंत ने बुधवार को सभी उपायुक्तों के साथ एक अहम वर्चुअल मीटिंग की। इस बैठक में राज्य में भारी बारिश और संभावित आपदाओं से निपटने के लिए तैयारियों का जायजा लिया गया।
उच्च-स्तरीय समीक्षा बैठक के दौरान पूरे प्रदेश में मानसून के हालात की विस्तृत चर्चा हुई। मुख्य सचिव ने बारिश से हुए नुकसान, राहत और बचाव कार्यों की स्थिति जानी। उन्होंने राज्य में बंद पड़ी सड़कों, बिजली और पानी की सप्लाई को तुरंत बहाल करने के निर्देश अधिकारियों को दिए।
मुख्य सचिव ने जारी किए सख्त निर्देश
कमलेश कुमार पंत ने अधिकारियों को अचानक बाढ़, लैंडस्लाइड और क्लाउडबर्स्ट जैसी आपात स्थितियों पर तेजी से एक्शन लेने को कहा। उन्होंने संवेदनशील इलाकों पर पैनी नजर रखने और सभी विभागों के बीच बेहतर तालमेल बनाए रखने के निर्देश दिए। समय पर वेदर अलर्ट जारी करने पर भी खास जोर दिया गया।
सभी जिलों के उपायुक्तों ने अपने क्षेत्रों के हालात और आपदा प्रबंधन के कदमों की रिपोर्ट पेश की। मुख्य सचिव ने कहा कि सरकार जनता की सुरक्षा के लिए पूरी तरह प्रतिबद्ध है। मानसून के दौरान जान-माल और सरकारी संपत्ति का नुकसान कम से कम करने के लिए हर संभव कदम उठाए जा रहे हैं।