Shimla News: हिमाचल प्रदेश विधानसभा के मानसून सत्र में मंगलवार को बेरोजगारी के मुद्दे पर बहस जारी रहेगी। मुख्यमंत्री सुखविन्द्र सिंह सुक्खू विपक्ष द्वारा लगाए गए गंभीर आरोपों का जवाब देंगे। सोमवार को भाजपा विधायकों ने कांग्रेस की चुनावी गारंटियों और एक लाख नौकरियों के वादे पर सवाल खड़े किए थे।
भाजपा नेताओं का आरोप है कि सरकार ने 23 हजार नौकरियां देने का जो आंकड़ा पेश किया है, उसमें आउटसोर्स कर्मचारियों की संख्या ज्यादा है। इसी को लेकर सदन में तीखी बहस हुई थी। मंगलवार को भी इस महत्वपूर्ण विषय पर चर्चा जारी रहेगी और मुख्यमंत्री सुक्खू सरकार का रुख स्पष्ट करेंगे।
सत्र के दौरान राज्य सरकार सदन पटल पर छह महत्वपूर्ण संशोधन विधेयक पेश करेगी। इनमें से तीन विधेयक खुद मुख्यमंत्री सुखविन्द्र सुक्खू पेश करेंगे, जबकि बाकी तीन विधेयक स्वास्थ्य, राजस्व और पंचायती राज मंत्री द्वारा पेश किए जाएंगे। इन विधेयकों के जरिए कई नियमों और व्यवस्थाओं में जरूरी बदलाव किए जाने हैं।
मुख्यमंत्री राज्य विश्वविद्यालय संशोधन विधेयक 2026, माल और सेवा कर संशोधन विधेयक 2026 और शिमला रोड व पेडेस्ट्रियन सुरक्षा संशोधन विधेयक 2026 पेश करेंगे। वहीं स्वास्थ्य मंत्री युद्ध पुरस्कार संशोधन विधेयक, राजस्व मंत्री स्टाम्प संशोधन विधेयक और पंचायती राज मंत्री पंचायती राज संशोधन विधेयक 2026 सदन में प्रस्तुत करेंगे।
सदन में ध्यानाकर्षण प्रस्ताव के जरिए दो संवेदनशील मुद्दे भी उठाए जाएंगे। विधायक विनोद सुल्तानपुरी सोलन के परवाणू क्षेत्र में भारी बारिश से हुए नुकसान का मामला उठाएंगे। इसके अलावा विधायक बिक्रम सिंह 18 अगस्त 2026 को बागनधार कमरऊ खदान में तीन मजदूरों के मलबे में दबने की घटना पर चर्चा कराएंगे।