Shimla News: हिमाचल प्रदेश विधानसभा के मॉनसून सत्र की कार्यवाही तीन दिन के अवकाश के बाद सोमवार को दोबारा शुरू होने जा रही है। सत्र की यह सातवीं बैठक दोपहर बाद दो बजे प्रश्नकाल के साथ प्रारंभ होगी। इस दौरान रोजगार, भ्रष्टाचार और कानून-व्यवस्था जैसे अहम मुद्दों पर तीखी बहस के पूरे आसार हैं।
बैठक की शुरुआत में ही विपक्ष बेरोजगारी, कानून-व्यवस्था, भ्रष्टाचार और उद्योगों से जुड़े कई संवेदनशील मुद्दों पर सरकार को घेरने की तैयारी में है। प्रश्नकाल खत्म होने के बाद मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह सुक्खू चालू सप्ताह की सरकारी कार्यसूची को लेकर सदन में अपना आधिकारिक वक्तव्य देंगे।
सदन में रखे जाएंगे महत्वपूर्ण प्रतिवेदन
आज की कार्यवाही के दौरान मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह सुक्खू दो प्रमुख दस्तावेज सदन के पटल पर प्रस्तुत करेंगे। इनमें विधानसभा अध्यक्ष एवं उपाध्यक्ष यात्रा भत्ता (संशोधन) नियम, 2026 और मानवाधिकार आयोग का वार्षिक प्रतिवेदन 2025-26 शामिल हैं। इसके साथ ही कल्याण समिति के अध्यक्ष मोहन लाल ब्राक्टा अपनी रिपोर्ट पेश करेंगे।
विपक्ष और सत्ता पक्ष के बीच आज रोजगार के मुद्दे पर जमकर बयानबाजी होने की संभावना है। बेरोजगारी से जुड़े सवालों पर सरकार अपना पक्ष रखेगी। सदन में विभिन्न नियमों के तहत कई जनहित के विषयों पर चर्चा की जाएगी, जिससे माहौल काफी गरमाने की उम्मीद जताई जा रही है।
नियम-62 के तहत उठेंगे सड़कों और यूरिया के मामले
सदन की कार्यवाही के दौरान नियम-62 के तहत दो ध्यान आकर्षण प्रस्ताव प्रस्तुत किए जाएंगे। फतेहपुर के विधायक भवानी सिंह पठानिया डिपो होल्डरों द्वारा किसानों को सामान्य यूरिया के साथ जबरन नैनो यूरिया प्लस बेचने का मामला उठाएंगे। वह इस विषय पर सरकार से स्थिति स्पष्ट करने की मांग करेंगे।
वहीं श्री नैना देवी जी क्षेत्र के विधायक रणधीर शर्मा अपने इलाके की खस्ताहाल संपर्क सड़कों का विषय सदन में रखेंगे। वह सरकार से इन सड़कों की वर्तमान स्थिति और इनकी मरम्मत के लिए किए जा रहे कार्यों की विस्तृत जानकारी मांगेंगे, ताकि ग्रामीण क्षेत्रों की कनेक्टिविटी बेहतर हो सके।
रोजगार और वाटर सेस पर नियम-130 के तहत चर्चा
नियम-130 के अंतर्गत दो मुख्य प्रस्तावों पर विस्तार से चर्चा की जाएगी। विपक्ष के पांच विधायक रणधीर शर्मा, सुधीर शर्मा, राकेश जम्वाल, डॉ. हंस राज और जीत राम कटवाल युवाओं के रोजगार की गारंटियों को लागू करने का प्रस्ताव लाएंगे। इसमें सरकारी वादों और मौजूदा स्थिति पर बात होगी।
दूसरे प्रस्ताव में शाहपुर के विधायक केवल सिंह पठानिया जल विद्युत परियोजनाओं से मिलने वाली रॉयल्टी, फ्री पावर और वॉटर सेस की बकाया राशि का मामला उठाएंगे। सरकार इस चर्चा के दौरान राज्य को मिलने वाली बकाया राशि की मौजूदा स्थिति और उसकी वसूली पर अपनी बात रखेगी।
3 सितंबर तक चलेगा मॉनसून सत्र
हिमाचल प्रदेश विधानसभा का यह मॉनसून सत्र आगामी 3 सितंबर तक चलने वाला है। पूरे सत्र के दौरान कुल 10 बैठकें आयोजित करने का फैसला लिया गया था। अवकाश के बाद हो रही इस सातवीं बैठक में रोजगार का मुद्दा छाया रहने की पूरी संभावना बनी हुई है।