हिमाचल के कसोल-मणिकरण में रेव पार्टियों और ड्रग्स कारोबार पर प्रशासन सख्त, 100 एकड़ अवैध भांग की खेती नष्ट

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Kullu News: हिमाचल प्रदेश के कसोल-मणिकरण घाटी में रेव पार्टियों और टूरिज्म की आड़ में चल रहे ड्रग्स के अवैध कारोबार पर प्रशासन ने पूरी तरह नकेल कस दी है। घाटी को नशामुक्त और सुरक्षित टूरिस्ट प्लेस बनाने के लिए कुल्लू जिला प्रशासन ने नया एक्शन प्लान तैयार किया है।

इस नई रणनीति के तहत पुलिस और प्रशासन के अलावा स्थानीय पंचायतों, होटल-होमस्टे संचालकों, महिला व युवा मंडलों को सूचना तंत्र से जोड़ा जाएगा। कसोल के फॉरेस्ट रेस्ट हाउस में अतिरिक्त जिला दंडाधिकारी की अध्यक्षता में नशा निवारण समिति की लंबी बैठक हुई, जिसमें एसपी कुल्लू और संबंधित अधिकारी शामिल हुए।

बैठक में मणिकरण-कसोल घाटी में नशीले पदार्थों के सेवन, अवैध बिक्री, तस्करी और सप्लाई नेटवर्क की रोकथाम पर गंभीर चर्चा हुई। प्रशासन ने बिना परमिशन होने वाली म्यूजिक पार्टियों पर चिंता जताई। अधिकारियों ने साफ किया कि ऐसी पार्टियों में ड्रग्स की मौजूदगी रोकने के लिए आयोजकों पर सख्त निगरानी रखी जाएगी।

प्रशासन ने स्पष्ट निर्देश दिए हैं कि किसी भी म्यूजिक पार्टी या इवेंट के लिए सरकारी परमिशन लेना अनिवार्य होगा। आयोजकों को ध्वनि प्रदूषण, कानून व्यवस्था और पब्लिक सेफ्टी के नियमों का कड़ाई से पालन करना होगा। ध्वनि नियंत्रण और साउंड रेगुलेशन से जुड़े नियमों को सख्ती से लागू करने पर जोर दिया गया।

ड्रग्स के खिलाफ इस मुहिम में आम लोगों की भूमिका को सबसे अहम माना गया है। बैठक में स्थानीय प्रतिनिधियों से संदिग्ध गतिविधियों, अवैध पार्टियों और अजनबियों की जानकारी ली गई। प्रशासन ने जनता से अपील की कि वे नशा तस्करी की सूचना तुरंत पुलिस को दें, सूचना देने वाले की पहचान गुप्त रहेगी।

घाटी में पर्यटकों की बढ़ती संख्या को देखते हुए होटल और होमस्टे संचालकों की जिम्मेदारी तय की गई है। सभी संचालकों को विदेशी पर्यटकों के लिए सी-फॉर्म भरने और अन्य निर्धारित नियमों का पालन करने को कहा गया है। प्रशासन ने इन नियमों का उल्लंघन करने वालों पर कार्रवाई की चेतावनी दी है।

बैठक में घाटी में काम करने वाले प्रवासी मजदूरों, खासकर नेपाली मूल के कामगारों के पुलिस वेरिफिकेशन पर भी चर्चा हुई। प्रशासन ने मजदूरों के आने का मकसद, ठेकेदार और निवास की जानकारी जुटाने का निर्देश दिया। अधिकारियों ने सभी प्रवासी श्रमिकों का पूरा रिकॉर्ड और वेरिफिकेशन सुनिश्चित करने पर जोर दिया।

नशे के खिलाफ इस बड़े अभियान में पुलिस और वन विभाग की टीम को बड़ी कामयाबी मिली है। संयुक्त टीम ने घाटी में लगभग 100 एकड़ क्षेत्र में फैली अवैध भांग की खेती को पूरी तरह नष्ट कर दिया है। अधिकारियों के मुताबिक 15 सितंबर तक इस ड्राइव को और तेज किया जाएगा।

Right News Desk
Right News Desk
लॉ और पत्रकारिता स्नातक, पत्रकारिता में 11 वर्ष का अनुभव

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