Islamabad News: इस्लामाबाद उच्च न्यायालय ने जेल अधिकारियों को पूर्व प्रधानमंत्री इमरान खान और उनकी पत्नी बुशरा बीबी को एकांत कारावास में न रखने का निर्देश दिया है। रावलपिंडी की अदियाला जेल में बंद दोनों नेताओं को परिवार से मिलने और जरूरी सुविधाएं देने के आदेश दिए गए हैं।
न्यायमूर्ति खादिम हुसैन सोमरो ने इमरान खान की बहन और बुशरा बीबी की बेटी की याचिकाओं पर यह फैसला सुनाया। कोर्ट ने जेल नियमों के अनुसार बेटों से फोन पर बात कराने, रोजाना समाचार पत्र, किताबें और उचित चिकित्सा सुविधाएं मुहैया कराने को कहा है। जेल अधीक्षक को 15 दिन में रिपोर्ट देनी होगी।
राहत के साथ सुप्रीम कोर्ट में अवमानना याचिका पर सुनवाई तय
अगस्त 2023 से जेल में बंद इमरान खान और उनकी पार्टी इन मामलों को राजनीति से प्रेरित बताते रहे हैं। वहीं बुशरा बीबी भी भ्रष्टाचार के मामलों में सजा काट रही हैं। दूसरी ओर, सुप्रीम कोर्ट ने इमरान की बहन उजमा खान की उस अर्जी को खारिज कर दिया, जिसमें अवमानना याचिका पर जल्द सुनवाई की मांग थी।
अवमानना याचिका में आरोप है कि अधिकारियों ने इमरान को निजी अस्पताल शिफ्ट करने के 18 अगस्त के आदेश का उल्लंघन किया है। सरकार ने उन्हें शिफा इंटरनेशनल के बजाय सरकारी अस्पताल में जांच के बाद दोबारा जेल भेज दिया था। इस मामले की अगली सुनवाई 16 सितंबर को होगी।