Delhi News: भारत के फोल्डेबल स्मार्टफोन बाजार में प्रतिस्पर्धा तेजी से बढ़ रही है। एप्पल के संभावित फोल्डेबल आईफोन के लॉन्च से पहले सैमसंग ने नए स्मार्टफोन पेश कर दिए हैं। विश्लेषकों का मानना है कि एप्पल की एंट्री से फोल्डेबल स्मार्टफोन का बाजार तेजी से मुख्यधारा में शामिल हो जाएगा।
सैमसंग ने हाल ही में गैलेक्सी जेड फोल्ड8, गैलेक्सी जेड फ्लिप8 अल्ट्रा और गैलेक्सी जेड फ्लिप8 मॉडल बाजार में उतारे हैं। वहीं मोटोरोला ने भी अपनी रेजर सीरीज को अपडेट किया है। दिग्गज टेक कंपनियां सितंबर में संभावित आईफोन 18 प्रो सीरीज के साथ आने वाले फोल्डेबल आईफोन से पहले अपनी बढ़त बनाना चाहती हैं।
एप्पल की एंट्री से फोल्डेबल स्मार्टफोन बाजार को मिलेगी रफ्तार
विश्लेषकों के अनुसार एप्पल की एंट्री केवल बिक्री तक सीमित नहीं रहेगी। इससे फोल्डेबल स्मार्टफोन सेगमेंट पर भारतीय ग्राहकों का भरोसा और अधिक मजबूत होगा। कंपनी के पास पहले से ही एक बड़ा और वफादार यूजर बेस मौजूद है, जो लंबे समय से फोल्डेबल आईफोन का इंतजार कर रहा है।
काउंटरपॉइंट रिसर्च के मुताबिक भारत में फोल्डेबल स्मार्टफोन की कुल शिपमेंट 2026 के अंत तक 30 लाख यूनिट के पार पहुंच सकती है। साल 2019 के बाद से इस खास मार्केट सेगमेंट में लगभग 80 प्रतिशत की चक्रवृद्धि वार्षिक वृद्धि दर दर्ज की गई है, जो काफी उत्साहजनक है।
सैमसंग का बाजार में दबदबा और कॉम्पोनेंट की बढ़ती लागत
इस साल फोल्डेबल स्मार्टफोन शिपमेंट में करीब 8 फीसदी की बढ़ोतरी की उम्मीद है। हालांकि, कंपोनेंट और मेमोरी की बढ़ती कीमतों के कारण कुल स्मार्टफोन बाजार में 13 से 14 फीसदी की गिरावट आ सकती है। इससे देश की कुल स्मार्टफोन शिपमेंट घटकर 13.3 से 13.4 करोड़ यूनिट रहने का अनुमान है।
वर्तमान में भारतीय फोल्डेबल स्मार्टफोन बाजार में सैमसंग की करीब 89 प्रतिशत की मजबूत हिस्सेदारी बनी हुई है। वहीं मोटोरोला का मार्केट शेयर लगभग 8 फीसदी दर्ज किया गया है। आने वाले समय में एप्पल के प्रवेश के साथ ही कंपनियों के बीच नए इनोवेशन और तकनीक को लेकर होड़ देखने को मिलेगी।