New Delhi News: ऑनलाइन सेवाएं इस्तेमाल करने वाले ग्राहकों के हितों की रक्षा के लिए केंद्र सरकार ने बड़ा कदम उठाया है। केंद्रीय उपभोक्ता संरक्षण प्राधिकरण (CCPA) ने जेप्टो, इंडिगो, स्पाइसजेट और फिजिक्सवाला समेत 9 प्रमुख डिजिटल प्लेटफॉर्म्स के खिलाफ भ्रामक दावों और विज्ञापनों को लेकर कार्रवाई की है।
ग्राहकों को गुमराह करने वाले दावों पर सख्ती
सरकार का कहना है कि इन प्लेटफॉर्म्स ने ऐसे दावे किए या जानकारी दिखाई जिससे आम उपभोक्ता गुमराह हो सकते थे। इस कार्रवाई का मुख्य उद्देश्य ऑनलाइन सेवाओं में पारदर्शिता लाना है। क्विक कॉमर्स, एयरलाइन, ई-कॉमर्स और एडटेक क्षेत्र की दिग्गज कंपनियों को नियमों का पालन करने के कड़े निर्देश दिए गए हैं।
इन 9 प्रमुख कंपनियों के खिलाफ हुई कार्रवाई
कार्रवाई के दायरे में कई प्रमुख ब्रांड्स शामिल हैं। इनमें जेप्टो, इंडिगो, स्पाइसजेट, फिजिक्सवाला, उबर, मिंत्रा, एको, ईजमायट्रिप और एडोब जैसी डिजिटल सेवाएं देने वाली कंपनियां शामिल हैं। सरकार ने स्पष्ट किया है कि ग्राहकों को आकर्षित करने के लिए अस्पष्ट या पूरी तरह से सच न होने वाले दावे स्वीकार नहीं किए जाएंगे।
आम उपभोक्ताओं को मिलेगा इस कदम का फायदा
सरकार के इस कड़े रुख से आने वाले समय में आम ग्राहकों को राहत मिलेगी। अब कंपनियों को अपने ऑफर्स, विज्ञापनों और hidden charges से जुड़ी शर्तें स्पष्ट रूप से बतानी होंगी। इससे लोग सही फैसला ले सकेंगे और उन्हें सेवाओं के चयन में धोखा नहीं मिलेगा।
डिजिटल प्लेटफॉर्म्स पर निगरानी बढ़ाएगा CCPA
देश में ऑनलाइन सेवाओं और क्विक कॉमर्स का दायरा तेजी से बढ़ रहा है। ऐसे में करोड़ों उपयोगकर्ताओं का भरोसा बनाए रखना कंपनियों की बड़ी जिम्मेदारी है। अधिकारियों ने संकेत दिया है कि बड़े ब्रांड्स को नियमों में कोई छूट नहीं दी जाएगी और निगरानी को और सख्त बनाया जाएगा।