Delhi News: दिल्ली के सत्य निकेतन में हाल ही में हुए दर्दनाक इमारत हादसे के बाद अब पीजी संचालकों की मनमानी का मामला सामने आया है। यहां रहने वाले वेंकटेश्वर कॉलेज के छात्र ने आरोप लगाया है कि पीजी खाली करने पर संचालक उसकी 70 हजार रुपये की सिक्योरिटी डिपॉजिट राशि लौटाने से साफ इनकार कर रहा है।
पीड़ित छात्र सिद्धार्थ राज ने बताया कि वह वेंकटेश्वर कॉलेज में पॉलिटिकल साइंस के पहले वर्ष की पढ़ाई कर रहा है। वह दो महीने पहले अपने दोस्त हर्ष के साथ सत्य निकेतन स्थित जुपिटर पीजी में रहने आया था। उस दौरान पीजी संचालक गगन ने उनसे 34 हजार रुपये किराया और लगभग 70 हजार रुपये सिक्योरिटी के तौर पर जमा कराए थे।
छात्रों के अनुसार हॉस्टल में बुनियादी सुविधाओं की भारी कमी है और साफ-सफाई बिल्कुल नहीं रहती है। परिसर में दो बार आग लगने की घटनाएं भी हो चुकी हैं और सीवर का पानी भी लगातार ओवरफ्लो होता रहता है। इन तमाम परेशानियों को देखते हुए दोनों छात्रों ने हॉस्टल को समय से पहले खाली करने का निर्णय ले लिया था।
सत्य निकेतन में रविवार को एक पीजी इमारत गिरने से सात छात्रों की दुखद मौत हो गई थी। इस दर्दनाक हादसे के बाद छात्रों में डर का माहौल बन गया और उन्होंने तुरंत इस पीजी को छोड़ने का फैसला किया। हालांकि, पीजी संचालक अब उनसे 11 महीने का कॉन्ट्रैक्ट पूरा करने की शर्त पर अड़ा हुआ है।
हॉस्टल संचालक द्वारा सिक्योरिटी के पैसे वापस न करने पर दोनों छात्र लगातार चक्कर काटने को मजबूर हैं। सिद्धार्थ ने साफ कहा कि मजबूरी में उन्होंने दूसरी जगह रहने की व्यवस्था की है। अगर संचालक ने उनकी मेहनत की रकम नहीं लौटाई, तो वे इस मामले में जल्द से जल्द कानूनी कार्रवाई का सहारा लेंगे।