Gajapati News: ओडिशा में चक्रवाती खतरे को देखते हुए गजपति जिले के महेंद्रगिरि समेत प्रमुख पर्यटन स्थलों को 29 अक्टूबर तक बंद कर दिया गया है। वहीं पारादीप बंदरगाह पर चेतावनी संकेत-2 जारी कर जहाजों व नावों को सतर्क रहने के निर्देश दिए गए हैं। तटीय क्षेत्रों में पर्यटकों और आम लोगों के प्रवेश पर भी अस्थायी रोक लगा दी गई है।
ओडिशा में चक्रवात की आहट के साथ ही तटीय और संवेदनशील पहाड़ी इलाकों में प्रशासनिक सतर्कता बढ़ा दी गई है। भारी बारिश और संभावित भूस्खलन के खतरे को देखते हुए गजपति जिला प्रशासन ने जिले के सभी प्रमुख पर्यटन स्थलों को 29 अक्टूबर तक पर्यटकों के लिए पूरी तरह बंद करने का आदेश जारी किया है। इसके साथ ही पारादीप बंदरगाह पर एहतियातन चेतावनी संकेत संख्या-2 जारी कर सभी संबंधित एजेंसियों को अलर्ट पर रखा गया है।
गजपति में भूस्खलन का खतरा, महेंद्रगिरि पर आवाजाही बंद
गजपति जिले में लगातार भारी बारिश की संभावना के कारण पहाड़ी इलाकों में भूस्खलन और अचानक बाढ़ (फ्लैश फ्लड) का गंभीर जोखिम बना हुआ है। जिला पर्यटन अधिकारी के अनुसार, पर्यटकों की सुरक्षा को सर्वोच्च प्राथमिकता देते हुए यह कड़ा कदम उठाया गया है। प्रसिद्ध पर्यटन केंद्र महेंद्रगिरि की पहाड़ियों समेत जिले के संवेदनशील प्राकृतिक स्थलों पर पर्यटकों के जाने पर 29 अक्टूबर तक पूर्ण प्रतिबंध रहेगा। प्रशासन ने लोगों से जोखिम भरे पहाड़ी और जंगली इलाकों से दूर रहने की अपील की है।
पारादीप बंदरगाह पर चेतावनी संकेत-2, समुद्र तटों पर रोक
चक्रवाती मौसम के प्रभाव को देखते हुए पारादीप बंदरगाह प्रशासन ने मालवाहक जहाजों, भारतीय तटरक्षक बल के गश्ती जहाजों, मछली पकड़ने वाली नौकाओं और ड्रेजरों के लिए विशेष सतर्कता निर्देश जारी किए हैं। बंदरगाह के भीतर और खुले समुद्र में लंगर डाले जहाजों को किसी भी आपात स्थिति में तत्काल सुरक्षित स्थानों पर स्थानांतरित होने के लिए तैयार रहने को कहा गया है।
समुद्र में उठने वाली तेज लहरों और तेज हवाओं से होने वाले हादसों को रोकने के लिए पारादीप के समुद्र तटों और निकटवर्ती तटीय क्षेत्रों में आम लोगों व पर्यटकों की आवाजाही पर रोक लगा दी गई है। स्थिति सामान्य होने तक तटीय इलाकों में सुरक्षा निगरानी जारी रहेगी।