New Delhi: भारतीय क्रिकेट टीम के कप्तान शुभमन गिल ने स्पष्ट किया है कि स्टार ऑलराउंडर हार्दिक पंड्या को राष्ट्रीय टीम में वापसी से पहले घरेलू क्रिकेट में अपनी फिटनेस साबित करनी होगी। 2027 वनडे विश्व कप की तैयारियों के मद्देनजर टीम प्रबंधन हार्दिक की पूरी फिटनेस पर नजर बनाए हुए है। फिलहाल हार्दिक बीसीसीआई के सेंटर ऑफ एक्सीलेंस (CoE) में चोट से उबर रहे हैं।
न्यूजीलैंड के खिलाफ शुरू हो रही वनडे सीरीज से पहले भारतीय कप्तान शुभमन गिल ने हार्दिक पंड्या की वापसी और उनकी फिटनेस को लेकर महत्वपूर्ण बात कही है। गिल ने बताया कि 2027 वनडे वर्ल्ड कप की योजनाओं में हार्दिक पंड्या बेहद अहम कड़ी हैं और टीम को उनकी वापसी का इंतजार है। हालांकि, अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट में सीधे लौटने के बजाय उन्हें पहले घरेलू प्रतियोगिताओं में खेलकर अपनी मैच फिटनेस साबित करनी होगी।
घरेलू क्रिकेट खेलकर साबित करनी होगी मैच फिटनेस
कप्तान शुभमन गिल के बयान से साफ है कि हार्दिक पंड्या को आगामी घरेलू टूर्नामेंटों में हिस्सा लेना होगा। गिल ने कहा, “उम्मीद है कि हार्दिक जल्द ही वापसी करेंगे। वह कुछ घरेलू क्रिकेट खेलेंगे और हमें उम्मीद है कि वह जल्द ही भारतीय टीम में वापस आ जाएंगे। वह एक बेहतरीन ऑलराउंडर हैं। दुनिया में बहुत कम खिलाड़ी ऐसे हैं जिनके पास उनके जैसी स्किल्स हों। वह नई और पुरानी, दोनों गेंदों से गेंदबाजी कर सकते हैं। हमारी कई बार बातचीत हुई है। चोटों की वजह से वह काफी बदकिस्मत रहे हैं। आईपीएल के बाद से वह नहीं खेले हैं।”
शुभमन के इस बयान के बाद माना जा रहा है कि हार्दिक को नवंबर और दिसंबर में आयोजित होने वाली सैयद मुश्ताक अली ट्रॉफी या विजय हजारे ट्रॉफी में बड़ौदा की तरफ से खेलकर अपनी फिटनेस की परीक्षा देनी होगी।
टीम संयोजन में निचले क्रम और गेंदबाजी की मुख्य धुरी
भारतीय वनडे टीम के संतुलन के लिहाज से हार्दिक पंड्या की भूमिका बेहद महत्वपूर्ण मानी जाती है। कप्तान गिल ने रेखांकित किया कि हार्दिक ऐसे दुर्लभ ऑलराउंडर हैं जो पारी की शुरुआत में नई गेंद से और अंतिम ओवरों में पुरानी गेंद से समान प्रभाव के साथ गेंदबाजी करने में सक्षम हैं। इसके साथ ही, वनडे प्रारूप में 7वें या 8वें नंबर पर आकर तेजी से रन बनाने और मैच को फिनिश करने में उनकी उपयोगिता टीम के लिए सबसे बड़ी ताकत बनती है। हार्दिक की गैरमौजूदगी में भारतीय टीम अपने पूर्ण संतुलन के साथ मैदान पर नहीं उतर पा रही है।
आईपीएल के बाद से लगातार चोटों से जूझ रहे हैं हार्दिक
हार्दिक पंड्या मई में संपन्न हुए इंडियन प्रीमियर लीग (आईपीएल) के बाद से ही मैदान से बाहर चल रहे हैं। आईपीएल के दौरान उन्हें पीठ में ऐंठन (बैक स्पाज्म) की समस्या हुई थी, जिसके चलते वह तीन मैचों से बाहर रहे थे। इसके बाद जून में बीसीसीआई के सेंटर ऑफ एक्सीलेंस (CoE) में रिहैबिलिटेशन के दौरान उनकी जांघ की मांसपेशियों (क्वाड्रिसेप्स) में खिंचाव आ गया था। इस चोट के कारण वह अफगानिस्तान और फिर इंग्लैंड के खिलाफ वनडे सीरीज में हिस्सा नहीं ले सके।
सितंबर में उन्हें ऑस्ट्रेलिया-ए के खिलाफ वनडे मैचों के लिए चुना गया था, लेकिन मेडिकल स्कैन में उनके दाहिने पैर के निचले हिस्से (शिन) में चोट सामने आई। इस लगातार चोट के कारण वह न्यूजीलैंड के खिलाफ होने वाली पांच वनडे और पांच टी-20 अंतरराष्ट्रीय मैचों की द्विपक्षीय सीरीज से भी बाहर हो गए हैं। वर्तमान में वह बेंगलुरु स्थित सेंटर ऑफ एक्सीलेंस में मेडिकल टीम की निगरानी में अपनी फिटनेस पर काम कर रहे हैं।