Siliguri News: केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने कहा कि सीमाओं की सुरक्षा के बिना देश और बंगाल दोनों सुरक्षित नहीं रह सकते। सामरिक दृष्टिकोण से बेहद संवेदनशील सिलीगुड़ी कॉरिडोर की सुरक्षा व्यवस्था को मजबूत किया जा रहा है। उन्होंने सिलीगुड़ी में सशस्त्र सीमा बल के कार्यक्रम में 150 करोड़ रुपये की परियोजनाओं की शुरुआत की।
बिहार, बंगाल और असम को जोड़कर बनेगा त्रिकोणीय सुरक्षा ग्रिड
गृह मंत्री ने बताया कि सिलीगुड़ी कॉरिडोर की सुरक्षा चाक-चौबंद करने के लिए केंद्र और राज्य सरकार मिलकर त्रिकोणीय सुरक्षा ग्रिड तैयार कर रही हैं। इसके तहत बिहार के किशनगंज, बंगाल के चोपड़ा और असम के धुबड़ी में निगरानी तंत्र को सुदृढ़ करने के साथ सुरक्षा बलों की तैनाती बढ़ाई जा रही है।
‘तीस्ता प्रहार’ युद्धाभ्यास और भारत-बांग्लादेश सीमा पर बाड़ लगाने का काम तेज
सीमावर्ती इलाकों में ‘तीस्ता प्रहार’ जैसे नियमित सैन्य अभ्यासों के जरिए चौकसी को और अधिक प्रभावी बनाया जा रहा है। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री ने इस गलियारे के सामरिक महत्व को प्राथमिकता दी है। भारत-बांग्लादेश खुली सीमा पर बाड़ लगाने और सीमा चौकियों के निर्माण का कार्य भी तेजी से जारी है।
सीमा सुरक्षा के लिए जमीन आवंटन और सुरक्षा बलों के समन्वय पर जोर
गृह मंत्री ने कहा कि वर्तमान राज्य सरकार ने कॉरिडोर की सुरक्षा के लिए 560 एकड़ जमीन तुरंत उपलब्ध करा दी है, जबकि शेष भूमि का प्रबंध भी किया जा रहा है। उन्होंने सुरक्षा बलों के आधिकारिक कार्यक्रमों में राज्य नेतृत्व की सहभागिता की सराहना करते हुए सीमाओं को पूरी तरह अभेद्य बनाने का संकल्प दोहराया।