New Delhi News: केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह मंगलवार को एंटी-नारकोटिक्स टास्क फोर्स प्रमुखों के तीसरे राष्ट्रीय सम्मेलन का उद्घाटन करेंगे। दो दिवसीय सम्मेलन में मादक पदार्थों की रोकथाम पर बने विजन डॉक्यूमेंट (2026-29) की प्रगति की समीक्षा की जाएगी। साथ ही देश में नशे के नेटवर्क को खत्म करने की रणनीतियों पर फोकस रहेगा।
लखनऊ और देहरादून में एनसीबी परिसरों की रखेंगे आधारशिला
सम्मेलन के दौरान गृह मंत्री लखनऊ और देहरादून में नारकोटिक्स कंट्रोल ब्यूरो के नए कार्यालय परिसरों की आधारशिला रखेंगे। इसके साथ ही आम जनता के बीच जागरूकता फैलाने के लिए एक विशेष टीवी कमर्शियल और एनसीबी की नई वेबसाइट भी लॉन्च की जाएगी। बेहतर कार्य करने वाली राज्यों की टीमों को सम्मानित भी किया जाएगा।
सरकारी बयान के अनुसार ‘संयुक्त संकल्प, साझा जिम्मेदारी’ थीम पर आयोजित इस सम्मेलन में 36 राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों के टास्क फोर्स प्रमुख शामिल होंगे। बैठक का मुख्य उद्देश्य नशे की सप्लाई चेन को ध्वस्त करना, मांग कम करना और इससे होने वाले नुकसान की रोकथाम के उपायों को मजबूती से लागू करना है।
डार्कनेट और क्रिप्टोकरेंसी से होने वाली तस्करी पर विशेष सत्र
दो दिवसीय बैठक में आठ महत्वपूर्ण तकनीकी सत्र आयोजित किए जाएंगे। इनमें अवैध ड्रग नेटवर्क और कार्टेल को खत्म करने, सिंथेटिक ड्रग्स, अवैध खेती की रोकथाम, पुनर्वास प्रणाली, डार्कनेट और क्रिप्टोकरेंसी के जरिए होने वाले लेन-देन की जांच जैसे अहम विषयों पर गहन चर्चा होगी, ताकि नए तौर-तरीकों से निपटने के लिए ठोस रोडमैप तैयार हो सके।