Shimla News: राजधानी शिमला के प्रसिद्ध जाखू हनुमान मंदिर में दर्शन के लिए पहुंचे आईजीएमसी के कनिष्ठ सहायक अरुण का दिल का दौरा पड़ने से आकस्मिक निधन हो गया। मंदिर के प्रवेश द्वार पर अचानक सीने में तेज दर्द उठने के बाद वह वहीं गिर पड़े। 47 वर्षीय अरुण के असामयिक निधन से अस्पताल प्रशासन, सहकर्मियों और उनके पैतृक गांव अर्की में शोक की लहर दौड़ गई है।
शिमला स्थित प्रसिद्ध जाखू हनुमान मंदिर में माथा टेकने पहुंचे इंदिरा गांधी मेडिकल कॉलेज (IGMC) के 47 वर्षीय कनिष्ठ सहायक अरुण की दिल का दौरा पड़ने से अचानक मौत हो गई। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, अरुण जैसे ही मंदिर के प्रवेश द्वार के समीप पहुंचे, उन्हें अचानक सीने में गंभीर दर्द महसूस हुआ और वह बेसुध होकर जमीन पर गिर पड़े।
घटनास्थल पर मौजूद श्रद्धालुओं और स्थानीय लोगों ने तुरंत उन्हें संभालने का प्रयास किया, लेकिन हृदयाघात इतना तीव्र था कि उन्हें बचाया नहीं जा सका। इस अप्रत्याशित घटना से मंदिर परिसर में कुछ देर के लिए अफरा-तफरी मच गई।
अर्की के रहने वाले थे अरुण, परिवार पर टूटा दुखों का पहाड़
मृतक अरुण मूल रूप से जिला सोलन की अर्की तहसील के निवासी थे। वह वर्तमान में आईजीएमसी शिमला में बतौर कनिष्ठ सहायक अपनी सेवाएं दे रहे थे। इससे पूर्व वह डेंटल कॉलेज शिमला में भी कार्यरत रहे थे। अपने मिलनसार स्वभाव के कारण वह अस्पताल स्टाफ और सहकर्मियों के बीच काफी लोकप्रिय थे।
मात्र 47 वर्ष की आयु में अरुण के इस तरह अचानक चले जाने से उनके परिवार पर गहरा संकट आ पड़ा है। वह अपने पीछे पत्नी और दो बेटियों को छोड़ गए हैं। इस दुखद घटना की सूचना मिलते ही आईजीएमसी प्रशासन, उनके सहकर्मियों और उनके गृहनगर अर्की में शोक का माहौल व्याप्त है।