हिमाचल प्रदेश के कांगड़ा में भारी बारिश से कोटला क्षेत्र में तबाही, बाढ़ के कारण 15 घरों पर मंडराया खतरा

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Kangra News: हिमाचल प्रदेश में लगातार हो रही भारी बारिश के बीच जिला कांगड़ा के कोटला क्षेत्र में बाढ़ ने भारी तबाही मचाई है। त्रिलोकपुर के सोलधा स्थित न्यांगल गांव में नाले का रास्ता बदलने से पानी लोगों के घरों में घुस गया। इस वजह से 15 मकानों पर संकट मंडरा रहा है और कई खेत बह गए हैं।

स्थानीय निवासियों के अनुसार लैंडस्लाइड की वजह से नाले का पानी सीधे रिहाइशी इलाके में आ गया। न्यांगल गांव में दो साल पहले भी भारी तबाही हुई थी, जब पूरा पहाड़ धंस गया था। उस समय भी कई घरों को नुकसान पहुंचा था। अब एक बार फिर इस आपदा ने ग्रामीणों की मुश्किलें बढ़ा दी हैं।

ग्रामीणों ने उठाई सुरक्षा दीवार बनाने की मांग

गांव के लोगों का कहना है कि वे बार-बार प्रशासन से सुरक्षा इंतजामों की मांग कर चुके हैं। हर बार उन्हें केवल आश्वासन ही मिला, लेकिन कोई ठोस समाधान नहीं निकला। ग्रामीणों ने नाले का रुख मोड़ने के लिए पक्की सुरक्षा दीवार बनाने की मांग की है, ताकि लोगों के मकान और खेत सुरक्षित रह सकें।

क्षेत्र के लोगों ने स्थानीय विधायक और राज्य के कृषि मंत्री चौधरी चंद्र कुमार से तुरंत इस समस्या का हल निकालने की अपील की है। निवासियों का आरोप है कि घटना के बाद भी प्रशासन ने एहतियात के तौर पर कोई ठोस कदम नहीं उठाया है, जिससे गांव में डर का माहौल है।

वार्ड नंबर 7 में उपजाऊ जमीन बही, मदद की गुहार

न्यांगल पंचायत के वार्ड नंबर 07 में बाढ़ के कारण उपजाऊ कृषि भूमि पूरी तरह बह गई है। इस आपदा से मदन लाल, चैन सिंह, सागर सिंह, संजू, तेज सिंह, चतर सिंह, किशन चंद, बबली देवी, बेंगवां देवी और पवन शर्मा के घरों को सीधा खतरा बना हुआ है।

घटना की सूचना मिलते ही पंचायत के उपप्रधान कुलदीप सिंह, वार्ड सदस्य मदन लाल, सागर, लक्की राणा, शुभम ठाकुर, जगदीश लाल, तिलक और तेजू मौके पर पहुंचे। उन्होंने प्रभावित परिवारों का हाल जाना और जिला प्रशासन से पीड़ित लोगों को तुरंत सहायता प्रदान करने की गुहार लगाई।

Mohit
Mohit
पत्रकारिता के क्षेत्र में 9 सालों का अनुभव।

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