Shimla News: हिमाचल प्रदेश के मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह सुक्खू के प्रधान सलाहकार राम सुभाग सिंह को फिर सेवा विस्तार मिला है। इस फैसले पर भारतीय जनता पार्टी ने तीखा हमला बोला है। भाजपा के पूर्व प्रदेश अध्यक्ष और सांसद सुरेश कश्यप ने सरकार की मंशा और पारदर्शिता पर गंभीर सवाल खड़े किए हैं।
सांसद सुरेश कश्यप ने एक बयान जारी कर पूछा कि सरकार आखिर क्यों एक ही अधिकारी पर इतनी मेहरबान है। उन्होंने सवाल उठाया कि क्या इस फैसले के पीछे सरकार की कोई मजबूरी है। बार-बार कार्यकाल बढ़ाने से जनता के मन में शक पैदा हो रहा है और पारदर्शिता प्रभावित हो रही है।
प्रशासनिक फैसलों से पारदर्शिता और सुशासन पर उठे गंभीर सवाल
भाजपा नेता ने कहा कि मुख्यमंत्री कार्यालय पहले से ही भ्रष्टाचार के आरोपों से घिरा हुआ है। ऐसे माहौल में अपने करीबी सलाहकार को बार-बार सेवा विस्तार देना चिंता बढ़ाता है। उन्होंने पूछा कि क्या राज्य में इस महत्वपूर्ण पद की जिम्मेदारी संभालने के लिए कोई दूसरा योग्य अधिकारी नहीं बचा है।
कश्यप ने याद दिलाया कि कांग्रेस सत्ता में पारदर्शी शासन और व्यवस्था परिवर्तन के वादे के साथ आई थी। मगर अब सरकार के प्रशासनिक फैसले और नियुक्तियां लगातार सवालों के घेरे में हैं। सरकार पूरे तंत्र को मजबूत करने के बजाय केवल कुछ चुनिंदा लोगों के भरोसे काम चला रही है।
पूर्व भाजपा अध्यक्ष ने मांग की है कि सरकार इस सेवा विस्तार का आधार सार्वजनिक करे। उन्होंने कहा कि प्रदेश की जनता को यह जानने का पूरा अधिकार है कि इस फैसले से राज्य को क्या फायदा हुआ है। सरकार को इस मामले में खुलकर सामने आकर सच्चाई बतानी चाहिए।
राज्य की व्यवस्था पर हमला बोलते हुए कश्यप ने कहा कि सरकार जनता के मुद्दों से भटक गई है। बेरोजगारी, खस्ताहाल अर्थव्यवस्था, कानून-व्यवस्था और विकास जैसे विषयों को छोड़कर पसंदीदा लोगों को बड़े पदों पर बनाए रखने का काम जारी है। भाजपा इस पूरे मामले पर नजर रख रही है और इसे सही मंच पर उठाएगी।