Ranchi News: झारखंड में विभिन्न भर्ती परीक्षाओं में धांधली के विरोध में हजारों अभ्यर्थियों ने सोमवार सुबह राज्य विधानसभा की ओर विशाल मार्च निकाला। सुरक्षा बलों ने छात्रों को रोकने के लिए वाटर कैनन का उपयोग किया। इसके बावजूद अनेक प्रदर्शनकारी बैरिकेडिंग पार कर नए विधानसभा परिसर के पास तक पहुंच गए।
यह मार्च मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन के 51वें जन्मदिन पर धुर्वा स्थित पुराने विधानसभा परिसर से शुरू हुआ। प्रदर्शनकारी तिरंगा और तख्तियां लेकर 17वें दिन भी नारेबाजी करते रहे। नौ दिन से भूख हड़ताल पर बैठे नेता देवेंद्र नाथ महतो एंबुलेंस में बैठकर पहुंचे, जिनका 10.5 किग्रा वजन घट चुका है।
सुरक्षा के लिए 1,500 से अधिक जवान तैनात किए गए हैं। रैपिड एक्शन फोर्स, आरएएफ और जिला पुलिस के साथ वरिष्ठ अधिकारी चार किलोमीटर लंबे रास्ते पर निगरानी रख रहे हैं। सुरक्षा कारणों से रांची के अधिकतर स्कूलों को बंद रखा गया। सरकार का दावा है कि उसने 98 प्रतिशत मांगें स्वीकार कर ली हैं।
हालांकि छात्रों का आरोप है कि सरकार ने 13 विवादित परीक्षाओं में से केवल तीन को रद्द किया है। जेपीएससी-जेएसएससी रिफॉर्म्स मंच के नेता रवींद्र पासवान ने कहा, “जब तक सीबीआई से जांच की हमारी मांग पूरी नहीं हो जाती, हम कोई समझौता नहीं करेंगे।” छात्र 14वीं जेपीएससी परीक्षा रद्द करने की मांग कर रहे हैं।