Lucknow News: लखनऊ के कैसरबाग स्थित जिला अदालत परिसर में दिल्ली से आए अधिवक्ताओं और उनके मुवक्किल के साथ मारपीट का मामला सामने आया है। हाईकोर्ट की लखनऊ बेंच ने विशेष खंडपीठ का गठन कर मामले पर त्वरित सुनवाई की और पुलिस कमिश्नर तथा जिला जज से रिपोर्ट तलब की है।
जज के चैंबर में भागकर वकीलों ने बचाई जान
पीड़ित अधिवक्ताओं के अनुसार, वे एक दीवानी मामले में वकालतनामा पेश करने कोर्ट पहुंचे थे। प्रतिवादी वकील और उनके साथियों ने उन्हें रोककर मारपीट की। जब वकीलों ने अपने मुवक्किल को बचाने का प्रयास किया, तो आरोपियों ने उनके साथ भी अभद्रता की। वकीलों को जान बचाने के लिए जज के चैंबर की तरफ भागना पड़ा।
हाईकोर्ट में सुनवाई के दौरान दिखाया गया वीडियो
विशेष खंडपीठ के समक्ष सुनवाई के दौरान पीड़ित अधिवक्ताओं ने घटना की एक वीडियो क्लिप पेश की। इसमें आरोपी वकीलों को मारपीट करते देखा जा सकता है। पुलिस कमिश्नर और जिला जज वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से सुनवाई में शामिल हुए। जिला जज ने सीसीटीवी फुटेज के आधार पर कुछ आरोपियों की पहचान कर ली है।
आरोपियों का आपराधिक इतिहास खंगालने के निर्देश
हाईकोर्ट ने पुलिस कमिश्नर को आरोपी वकीलों का आपराधिक इतिहास जुटाकर विस्तृत रिपोर्ट दाखिल करने के सख्त निर्देश दिए हैं। इसके साथ ही पीड़ित अधिवक्ताओं की सुरक्षा सुनिश्चित करने और घायल मुवक्किल का मेडिकल परीक्षण कराकर उसे कोर्ट में सुरक्षित पेश करने का आदेश भी जारी किया गया है।
सुप्रीम कोर्ट के हस्तक्षेप के बाद गठित हुई विशेष पीठ
इस गंभीर घटना की जानकारी सुप्रीम कोर्ट के मुख्य न्यायाधीश को भी दी गई थी। सुप्रीम कोर्ट के परामर्श के बाद हाईकोर्ट की विशेष खंडपीठ ने त्वरित कार्रवाई की। याचिकाकर्ताओं ने जिला अदालत के एक कर्मचारी पर भी साठगांठ का आरोप लगाया है, जिसकी भूमिका की जांच की जा रही है।