Shimla News: हिमाचल प्रदेश विधानसभा में विपक्ष के नेता जयराम ठाकुर ने मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह सुक्खू की सरकार पर बदले की राजनीति करने का आरोप लगाया है। उन्होंने कहा कि सरकार राज्य में बीजेपी नेताओं और कार्यकर्ताओं को निशाना बनाने के लिए पुलिस व विजिलेंस का गलत इस्तेमाल कर रही है।
जयराम ठाकुर ने शनिवार को शिमला में एक प्रेस कॉन्फ्रेंस को संबोधित किया। उन्होंने कहा कि प्रदेश सरकार बीजेपी नेताओं, पूर्व विधायकों और उनके परिजनों के खिलाफ झूठे व मनगढ़ंत मामले दर्ज कर रही है। सरकार राजनीतिक रूप से मुकाबला न कर पाने के कारण विपक्ष की आवाज दबाने का प्रयास कर रही है।
बीजेपी नेताओं और स्थानीय जनप्रतिनिधियों को निशाना बनाने का दावा
पूर्व मुख्यमंत्री ने आरोप लगाया कि लगभग एक दर्जन मौजूदा और पूर्व विधायकों या उनके परिजनों पर मामले दर्ज हुए हैं। बीजेपी नेताओं की छवि बिगाड़ने के लिए बिना आधार केस बनाए जा रहे हैं। इसके अलावा पंचायती राज, नगर निगम, जिला परिषद और ब्लॉक कमेटियों के चुने प्रतिनिधियों को भी नोटिस दिए जा रहे हैं।
उन्होंने पुलिस बल के दुरुपयोग का मुद्दा उठाते हुए कहा कि राज्य में कानून-व्यवस्था संभालने के बजाय पुलिस को राजनीतिक जासूसी में लगाया गया है। राज्य में हत्याएं, गोलीबारी और गंभीर अपराध लगातार बढ़ रहे हैं। इसके बावजूद पुलिस विभाग केवल विपक्षी नेताओं पर नजर रखने में व्यस्त है।
फोन टैपिंग और जासूसी पर अधिकारियों को दी चेतावनी
ठाकुर ने गंभीर आरोप लगाते हुए कहा कि सीनियर अधिकारी देर रात तक फोन टैपिंग और निगरानी में लगे रहते हैं। सरकार का मुख्य मकसद विपक्षी नेताओं के खिलाफ केस बनाना है। कुछ नेताओं के फोन में ट्रैकिंग डिवाइस लगाने और बड़े पैमाने पर जासूसी कराने के दावे भी उन्होंने किए।
जयराम ठाकुर ने सरकारी तंत्र का गलत इस्तेमाल करने वाले अधिकारियों को सीधी चेतावनी दी है। उन्होंने साफ कहा कि राज्य में फिर से बीजेपी की सरकार बनने पर ऐसे काम करने वाले अफसरों को जवाबदेह बनाया जाएगा। उन्होंने सरकार की इस कार्यशैली को परेशान करने की सुनियोजित रणनीति करार दिया।