Gangtok News: भारत और चीन के बीच सीमा व्यापार शनिवार को छह साल बाद फिर शुरू हो गया। कोरोना महामारी और सीमा तनाव के कारण 2020 से बंद पड़ा व्यापार अब सिक्किम के नाथू ला दर्रे और हिमाचल प्रदेश के शिपकी ला दर्रे से संचालित होगा। इस अवसर पर दोनों देशों के अधिकारियों की मौजूदगी में उद्घाटन हुआ।
नाथू ला में औपचारिक शुरुआत, 38 व्यापारियों को मिले पास
पूर्वी सिक्किम के नाथू ला में उद्घाटन कार्यक्रम आयोजित किया गया। समुद्र तल से 14,000 फुट ऊपर स्थित इस दर्रे से मौसमी व्यापार की वापसी हुई है। वाणिज्य विभाग की सचिव कर्मा डी. युत्सो ने बताया कि यह व्यापार नवंबर तक सोमवार से गुरुवार चलेगा। इस साल 38 पंजीकृत व्यापारियों को विशेष पास जारी किए गए हैं।
अधिसूचित 36 वस्तुओं का होगा व्यापार, सुरक्षा में महिला प्लाटून तैनात
इस मार्ग से कुल 36 स्वीकृत वस्तुओं का व्यापार किया जाएगा। इनमें हस्तशिल्प, हथकरघा उत्पाद, धार्मिक सामग्री और रेडीमेड कपड़े शामिल हैं। सुरक्षा के लिए कड़े इंतजाम किए गए हैं। आईटीबीपी मानक संचालन प्रक्रिया के तहत पूरी व्यवस्था संभाल रही है। सुरक्षा के मद्देनजर पहली बार यहां महिला आईटीबीपी प्लाटून को भी तैनात किया गया है।
1962 के युद्ध के बाद बंद हुआ था ऐतिहासिक नाथू ला दर्रा
भारत और चीन के बीच 1962 में हुए युद्ध के बाद नाथू ला दर्रा बंद कर दिया गया था। इसे चार दशक बाद 2006 में सीमा व्यापार के लिए पुनः खोला गया था। यह दोनों देशों का प्रमुख व्यापार केंद्र है, जहां हर साल मई से नवंबर के महीनों के दौरान दोनों देशों के बीच व्यापार होता है।
शिपकी ला दर्रे से भी व्यापार शुरू, खुला नया ट्रेड मार्ट
हिमाचल प्रदेश के शिपकी ला दर्रे से भी व्यापार शुरू हो गया है। मंत्री जगत सिंह नेगी ने 16 व्यापारियों को घोड़ों के साथ तिब्बत के शिपकी गांव रवाना किया। यह व्यापार बार्टर सिस्टम से होगा और व्यापारी 72 घंटे में लौटेंगे। मंत्री ने किन्नौर के नामग्या में 1.70 करोड़ रुपये का छुप्पन ट्रेड मार्ट भी शुरू किया।