National News: आंध्र प्रदेश के तटीय इलाकों में आए भीषण चक्रवात और पश्चिमी विक्षोभ के संयुक्त प्रभाव से दिल्ली-एनसीआर, उत्तर प्रदेश और बिहार सहित पूरे उत्तर व मध्य भारत में जोरदार बारिश हुई है। पहाड़ों पर बर्फबारी और मैदानी इलाकों में ठंडी हवाओं के कारण तापमान में भारी गिरावट दर्ज की गई है, जिससे पूरे क्षेत्र में कड़ाके की ठंड की शुरुआत हो गई है।
आंध्र प्रदेश के तटीय क्षेत्रों में टकराए भीषण चक्रवाती तूफान का व्यापक असर उत्तर और मध्य भारत के मौसम पर साफ दिखाई दे रहा है। बंगाल की खाड़ी से आ रही अत्यधिक नमी और सक्रिय पश्चिमी विक्षोभ के आपसी मेल के कारण दिल्ली-एनसीआर, उत्तर प्रदेश, बिहार, हरियाणा, पंजाब, राजस्थान, मध्य प्रदेश और छत्तीसगढ़ सहित पहाड़ी राज्यों में झमाझम बारिश दर्ज की गई है। इस मौसमी बदलाव के चलते पूरे इलाके के तापमान में भारी गिरावट आई है।
मौसम वैज्ञानिकों के मुताबिक, चक्रवात और पश्चिमी हवाओं के इस अनोखे संयोजन के कारण बीते 24 से 48 घंटों के दौरान मौसम का मिजाज अचानक बदल गया।
दिल्ली-एनसीआर और मैदानी राज्यों में लुढ़का पारा
दिल्ली, नोएडा, गाजियाबाद और गुरुग्राम सहित उत्तर प्रदेश तथा हरियाणा के अनेक जिलों में रात से ही रुक-रुक कर बारिश का सिलसिला बना हुआ है। लगातार चल रही ठंडी हवाओं के कारण अधिकतम और न्यूनतम दोनों तापमान तेजी से नीचे आ गए हैं, जिससे लोगों को समय से पहले ही गर्म कपड़े निकालने पड़ गए हैं।
पंजाब के कई हिस्सों में तेज हवाओं के साथ बौछारें गिरी हैं। वहीं बिहार के अधिकांश जिलों में घने बादलों के बीच मध्यम से भारी बारिश दर्ज की गई है, जिससे वहां भी मौसम पूरी तरह ठंडा हो गया है।
पहाड़ों पर बर्फबारी से मैदानी इलाकों में बढ़ी ठिठुरन
उत्तराखंड, हिमाचल प्रदेश और जम्मू-कश्मीर के ऊंचे पहाड़ी क्षेत्रों में ताजा बर्फबारी हुई है, जबकि निचले इलाकों में लगातार बारिश हो रही है। इस वजह से इन पहाड़ी राज्यों में कड़ाके की ठंड शुरू हो चुकी है। मैदानी इलाकों में आ रही तेज और सर्द हवाओं का मुख्य कारण पहाड़ों पर हो रही यही बर्फबारी है।
उधर मध्य प्रदेश और छत्तीसगढ़ में भी चक्रवातीय नमी के प्रभाव से कई संभागों में हल्की से मध्यम बारिश हुई है। इस बारिश से उमस भरी गर्मी पूरी तरह खत्म हो गई है और रात के तापमान में उल्लेखनीय गिरावट आई है।
अगले 24 घंटों को लेकर मौसम विभाग का अलर्ट
मौसम विभाग के अनुसार, इस चक्रवाती प्रणाली का प्रभाव अगले 24 घंटों तक इन सभी राज्यों में बना रहेगा। इसके बाद आसमान धीरे-धीरे साफ होने लगेगा। हालांकि मौसम साफ होने के बावजूद तापमान में आई यह गिरावट बरकरार रहेगी और आने वाले दिनों में उत्तर भारत के मैदानी इलाकों में ठंड का प्रकोप और अधिक बढ़ सकता है।