कांग्रेस का मोदी सरकार पर बड़ा आरोप, कहा- निजीकरण और स्टार्टअप के नाम पर इसरो की भूमिका कर रहे सीमित

Share

- Advertisement -

Delhi News: कांग्रेस ने केंद्र सरकार पर अंतरिक्ष क्षेत्र में स्टार्टअप्स को बढ़ावा देने के बहाने इसरो की भूमिका सीमित करने का आरोप लगाया है। पार्टी का कहना है कि दशकों से तैयार क्षमताओं को निजी कंपनियों को सौंपा जा रहा है। विपक्षी दल के अनुसार इस कदम से भारतीय अंतरिक्ष एजेंसी का मूल स्वरूप प्रभावित हो सकता है।

कांग्रेस महासचिव जयराम रमेश ने सोशल मीडिया पर एक मीडिया रिपोर्ट साझा की। रिपोर्ट के मुताबिक कर्मचारी संगठनों ने इसरो प्रमुख वी. नारायणन को पत्र लिखकर निजीकरण पर सवाल उठाए हैं। उन्होंने कहा कि अंतरिक्ष अर्थव्यवस्था के नाम पर सरकार संगठन की भूमिका जानबूझकर सीमित कर रही है। इससे कर्मचारियों के भविष्य पर भी सवाल खड़े हो रहे हैं।

रमेश ने कहा, “इसरो समुदाय के भीतर से आवाजें उठना साहसिक और सराहनीय है जैसा कि इंडियन एक्सप्रेस की आज की रिपोर्ट से सामने आया है।” उन्होंने आरोप लगाया कि दशकों की कड़ी मेहनत से विकसित तकनीकी क्षमताएं ऐसी निजी कंपनियों को दी जा रही हैं, जिनकी दीर्घकालिक प्रतिबद्धता पर खुद संदेह बना हुआ है।

कांग्रेस नेता ने कहा कि भू-तुल्यकालिक कक्षा में स्थापित पहले इमेजिंग उपग्रह के सफल प्रक्षेपण से इसरो का मनोबल बढ़ा है। इस सफलता ने देश-विदेश में संस्था के आलोचकों को जवाब दिया है। उन्होंने बताया कि पूर्व अध्यक्ष जी. माधवन नायर ने भी अपनी चिंताएं खुलकर रखी हैं। साराभाई-धवन की विरासत को बचाने के लिए अन्य लोगों को भी आगे आना चाहिए।

कांग्रेस ने शुक्रवार को उपग्रह के सफल प्रक्षेपण पर अंतरिक्ष एजेंसी की सराहना की थी। पार्टी का दावा है कि एजेंसी कई स्तरों पर चुनौतियों और हमलों का सामना कर रही है। इसके बावजूद वैज्ञानिकों ने शानदार सफलता हासिल की है। विपक्षी दल ने आरोप लगाया कि नीतिगत बदलावों से एजेंसी का बुनियादी ढांचा कमजोर किया जा रहा है।

Right News Desk
Right News Desk
लॉ और पत्रकारिता स्नातक, पत्रकारिता में 11 वर्ष का अनुभव

Read more

Related News