Deoria News: केंद्रीय स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण राज्यमंत्री अनुप्रिया पटेल ने आरक्षण के मुद्दे पर बड़ा बयान दिया है। उन्होंने रविवार को स्पष्ट किया कि जब तक समाज में भेदभाव बना रहेगा, तब तक आरक्षण की व्यवस्था जारी रहेगी। संविधान से मिले इस मजबूत अधिकार को कोई भी ताकत खत्म नहीं कर सकती।
टाउनहाल ऑडिटोरियम में जिला स्तरीय कार्यकर्ता समागम के दौरान उन्होंने कहा कि आरक्षण किसी की भीख या खैरात नहीं, बल्कि संविधान की देन है। भारतीय संविधान ने पिछड़े, दलित और वंचित वर्ग को नौकरियों व शिक्षण संस्थानों में आगे बढ़ाने के लिए यह विशेष व्यवस्था तय की है।
आरक्षण पर भ्रम फैलाने वालों पर अनुप्रिया का पलटवार
अपना दल (एस) की राष्ट्रीय अध्यक्ष ने विपक्ष पर निशाना साधते हुए कहा कि चुनाव नजदीक आते ही आरक्षण पर चर्चा तेज कर दी जाती है। उन्होंने सवाल उठाया कि क्या सरकारी नौकरियों का बैकलॉग पूरा हो गया और क्या सभी वंचित बच्चों को शैक्षणिक संस्थानों में उचित हिस्सेदारी मिल पाई है।
उन्होंने कहा कि जब तक यह असमानता दूर नहीं होती, तब तक भेदभाव का वजूद कायम है। केंद्र की नरेंद्र मोदी सरकार ने आर्थिक रूप से कमजोर वर्ग को 10 फीसदी आरक्षण देकर दायरा बढ़ाया है। उन्होंने विपक्ष से पूछा कि जब वे सत्ता में थे, तब उन्होंने वंचितों के लिए क्या कदम उठाए।