Azamgarh News: समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव ने केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेन्द्र प्रधान के इस्तीफे को देश की युवा पीढ़ी की जीत बताया है। उन्होंने कहा कि सरकार को आखिरकार युवाओं के आगे घुटने टेकने ही पड़े हैं।
आजमगढ़ में दिवंगत सपा विधायक आलम बदी आजमी के शोकाकुल परिवार को सांत्वना देने पहुंचे अखिलेश यादव ने पत्रकारों से बातचीत की। इस दौरान सपा प्रमुख ने सरकार की पूरी परीक्षा प्रणाली को कटघरे में खड़ा कर दिया।
परीक्षा प्रणाली पर सवाल, संवाद न करने का आरोप
अखिलेश यादव ने कहा कि युवाओं के अभूतपूर्व संघर्ष के कारण केंद्र सरकार को रुख बदलना पड़ा। उन्होंने सवाल उठाया कि यदि फैसला बदलना ही था तो सरकार ने पहले छात्रों से बातचीत क्यों नहीं की?
उन्होंने कहा कि समय रहते संवाद होता तो आंदोलन की स्थिति पैदा नहीं होती। केवल एक मंत्री का इस्तीफा देने से समाधान नहीं होगा। सरकार को पूरी भर्ती प्रणाली को पारदर्शी और जवाबदेह बनाना होगा।
छात्रों पर पुलिस कार्रवाई की निंदा और सपा का रुख
अखिलेश यादव ने दिल्ली में हक की आवाज उठा रहे छात्रों पर हुई पुलिस कार्रवाई का उल्लेख किया। उन्होंने कहा कि लोकतंत्र में जायज मांग रखना अधिकार है और इसका समाधान लाठी के दम पर नहीं होना चाहिए।
उन्होंने कहा कि अगर युवाओं के रोजगार और निष्पक्ष परीक्षा की मांग उठाना राजनीति है, तो सपा यह राजनीति बार-बार करेगी। समाजवादी पार्टी युवाओं के हितों के लिए अंतिम सांस तक आवाज उठाती रहेगी।
राम मंदिर दान चोरी पर बयान और दिवंगत विधायक को श्रद्धांजलि
अयोध्या श्री राम मंदिर चढ़ावा चोरी पर अखिलेश ने कहा कि दान पात्र में चोरी महा पाप है। नई एसआईटी गठित होने के निर्देश पर तंज कसते हुए कहा कि अब बड़ी एसआईटी बड़ा खुलासा करेगी।
इससे पहले अखिलेश यादव निजामाबाद के 5 बार के विधायक दिवंगत आलम बदी आजमी के घर पहुंचे। उन्होंने परिजनों को ढांढस बंधाया और कहा कि समाजवादी पार्टी हर सुख-दुख में परिवार की तरह साथ खड़ी है।