New Delhi News: बंगाल की खाड़ी में सक्रिय नया मौसमी तंत्र गहराकर चक्रवाती तूफान ‘मुरसु’ में तब्दील हो सकता है। यह प्रणाली 2 नवंबर की शाम तक आंध्र प्रदेश तट के निकट पहुंचने की संभावना है। समुद्र में हवा की गति 85 किमी प्रति घंटे तक पहुंच सकती है। भारत मौसम विज्ञान विभाग (IMD) ने आंध्र प्रदेश, ओडिशा, केरल और अरुणाचल प्रदेश समेत 13 राज्यों में बारिश का अलर्ट जारी किया है।
चक्रवाती तूफान ‘अर्नब’ के शांत होने के बाद बंगाल की खाड़ी में एक बार फिर मौसमी हलचल तेज हो गई है। दक्षिण-पूर्वी और पश्चिम-मध्य बंगाल की खाड़ी में बना कम दबाव का क्षेत्र तेजी से ताकतवर हो रहा है। मौसम विज्ञान विभाग (IMD) के अनुसार, यह सिस्टम चक्रवाती तूफान में बदल सकता है, जिसे ‘मुरसु’ नाम दिया जाएगा। पश्चिम-उत्तर-पश्चिम दिशा में आगे बढ़ते हुए यह मौसमी प्रणाली सोमवार, 2 नवंबर की शाम तक आंध्र प्रदेश के तट के पास पहुंच सकती है। समुद्र में हवा की रफ्तार 65 से 75 किलोमीटर प्रति घंटे दर्ज की जा रही है, जिसके झोंके 85 किलोमीटर प्रति घंटे तक पहुंच सकते हैं। इसके मद्देनजर मछुआरों को गहरे समुद्र में न जाने की सख्त सलाह दी गई है।
दक्षिण और पूर्वी भारत में चक्रवात का असर
तूफानी सिस्टम का सर्वाधिक असर दक्षिण भारत के तटीय क्षेत्रों में देखने को मिल सकता है। तटीय आंध्र प्रदेश और यानम में भारी से बहुत भारी बारिश की संभावना है। केरल और माहे में 1 से 4 नवंबर तक तेज बारिश का अनुमान जताया गया है। तमिलनाडु, पुडुचेरी और कराईकल में 6 नवंबर तक मौसम खराब रह सकता है, जबकि तेलंगाना और कर्नाटक के आंतरिक व तटीय क्षेत्रों में 2 से 5 नवंबर के बीच मध्यम से भारी बारिश हो सकती है।
ओडिशा में 2 नवंबर से बारिश की गतिविधियां तेज होंगी। मौसम विभाग ने 3 और 4 नवंबर को राज्य के कई इलाकों में अत्यधिक भारी बारिश और 40 से 50 किमी प्रति घंटे की रफ्तार से हवाएं चलने की चेतावनी दी है। पश्चिम बंगाल और झारखंड के कई जिलों में भी गरज-चमक के साथ बारिश और तेज हवाओं का पूर्वानुमान है। पूर्वोत्तर भारत के अरुणाचल प्रदेश में 1 और 2 नवंबर को भारी बारिश का अलर्ट जारी किया गया है, जबकि असम, मेघालय, नगालैंड, मणिपुर, मिजोरम और त्रिपुरा में भी छिटपुट बारिश के आसार हैं।
उत्तर और मध्य भारत का हाल
उत्तर-पश्चिम भारत में मौसम के मिजाज में हल्का बदलाव देखा जा रहा है। दिल्ली-एनसीआर में 1 नवंबर को आंशिक रूप से बादल छाए रहने का अनुमान है। राजधानी में अधिकतम तापमान करीब 29 डिग्री और न्यूनतम तापमान 16 से 17 डिग्री सेल्सियस के आसपास रह सकता है, जिससे सुबह-शाम गुलाबी ठंड महसूस होगी। 2 नवंबर को दिल्ली का आसमान मुख्यतः साफ रहेगा।
उत्तर प्रदेश के पूर्वी जिलों में 1 और 2 नवंबर को हल्की से छिटपुट बारिश हो सकती है, जबकि पश्चिमी उत्तर प्रदेश में मौसम शुष्क रहेगा। बिहार में 1 से 5 नवंबर के बीच कुछ स्थानों पर हल्की बारिश की संभावना है; हालांकि पूर्वी चंपारण और सीतामढ़ी के जलग्रहण क्षेत्रों में अगले 48 घंटों में अचानक जलभराव का जोखिम जताया गया है। मध्य प्रदेश और विदर्भ में 1 से 4 नवंबर के दौरान कहीं-कहीं बारिश और गरज-चमक की स्थिति रह सकती है। पर्वतीय राज्यों में उत्तराखंड के कुछ इलाकों में ओलावृष्टि की आशंका है, जबकि राजस्थान में मौसम पूरी तरह सामान्य और शुष्क बने रहने का अनुमान है।
देश के प्रमुख शहरों का तापमान
मौसम विभाग के अनुसार 1 नवंबर को प्रमुख शहरों का संभावित तापमान इस प्रकार है:
- दिल्ली: अधिकतम 29°C, न्यूनतम 17°C
- मुंबई: अधिकतम 35°C, न्यूनतम 24°C
- कोलकाता: अधिकतम 33°C, न्यूनतम 23°C
- चेन्नई: अधिकतम 36°C, न्यूनतम 27°C
- पटना: अधिकतम 30°C, न्यूनतम 21°C
- लखनऊ: अधिकतम 29°C, न्यूनतम 19°C
- भोपाल: अधिकतम 28°C, न्यूनतम 18°C
- जयपुर: अधिकतम 29°C, न्यूनतम 18°C
- रांची: अधिकतम 28°C, न्यूनतम 20°C
- शिमला: अधिकतम 21°C, न्यूनतम 11°C