Ranchi News: झारखंड में प्रतियोगी परीक्षाओं में धांधली के खिलाफ चल रहे बड़े आंदोलन के बीच छात्र नेता देवेंद्र नाथ महतो ने अपनी भूख हड़ताल खत्म कर दी है। यह फैसला हेमंत सोरेन सरकार द्वारा वर्ष 2014 से आयोजित सभी सरकारी परीक्षाओं को रद्द करने के तुरंत बाद सामने आया।
रांची के सदर अस्पताल में भर्ती देवेंद्र नाथ महतो से मिलने सरकार के कई मंत्री और विधायक पहुंचे थे। इस मुलाकात के बाद उन्होंने अनशन तोड़ा और सरकार का धन्यवाद किया। उन्होंने कहा कि छात्र व्यवस्था से भ्रष्टाचार मिटाने और असली दोषियों को सजा दिलाने के लिए सरकार का पूरा साथ देंगे।
भविष्य में पेपर लीक रोकने के लिए मजबूत सिस्टम की मांग
देवेंद्र नाथ महतो ने भविष्य की परीक्षाओं के लिए सख्त और पारदर्शी सिस्टम बनाने पर जोर दिया। उन्होंने कहा कि कई बार जांच के आदेश जारी होकर रद्द हो जाते हैं। इसलिए सरकार को यह पक्की गारंटी देनी चाहिए कि राज्य में आगे कभी भी कोई पेपर लीक की घटना नहीं होगी।
मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने दिए सीआईडी जांच के कड़े आदेश
मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने जेपीएससी और जेएसएससी सीजीएल समेत साल 2014 से हुई सभी सरकारी नौकरियों की भर्तियों को रद्द करने का एलान किया। इसके साथ ही मुख्यमंत्री ने स्पष्ट किया कि 2014 से लेकर अब तक की सभी विवादित परीक्षाओं की पूरी जांच सीआईडी द्वारा निष्पक्षता से कराई जाएगी।
छात्र नेता के अनशन समाप्त करने के बावजूद अन्य आंदोलनकारी छात्रों ने अपना विरोध प्रदर्शन जारी रखा है। छात्रों का स्पष्ट कहना है कि वे सीआईडी जांच के फैसले से पूरी तरह संतुष्ट नहीं हैं और पूरे मामले की जांच केंद्रीय जांच ब्यूरो यानी सीबीआई से कराने की मांग पर अड़े हैं।