Ranchi News: सुप्रीम कोर्ट मनी लॉन्ड्रिंग मामले में वरिष्ठ आईएएस अधिकारी पूजा सिंघल की याचिका पर 15 सितंबर को सुनवाई करेगा। सिंघल ने झारखंड हाई कोर्ट के उस आदेश को चुनौती दी है, जिसमें केस के संज्ञान आदेश को रद्द करने की उनकी मांग खारिज कर दी गई थी।
इस महत्वपूर्ण मामले की सुनवाई चीफ जस्टिस सूर्यकांत, जस्टिस जायमाल्य बागची और जस्टिस वी मोहना की तीन सदस्यीय बेंच करेगी। झारखंड खान विभाग की पूर्व सचिव सिंघल मनरेगा से जुड़े कथित वित्तीय घोटाले में जांच एजेंसी की कार्रवाई का सामना कर रही हैं और कानूनी राहत की मांग कर रही हैं।
मनरेगा में 18 करोड़ के कथित घोटाले से जुड़ा है मामला
प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) ने मनरेगा योजना के कार्यान्वयन में करीब 18 करोड़ रुपये के कथित घोटाले को लेकर जांच शुरू की थी। एजेंसी ने संपत्तियों पर छापेमारी के बाद 11 मई 2022 को पूजा सिंघल को गिरफ्तार किया था। इस मामले में लंबे समय तक विस्तृत वित्तीय जांच की गई है।
साल 2000 बैच की आईएएस अधिकारी पूजा सिंघल दो साल से अधिक समय तक जेल में रहीं। नियमित जमानत मिलने के बाद सरकार ने उनका निलंबन रद्द कर दिया था। अब शीर्ष अदालत में होने वाली इस सुनवाई पर सभी की निगाहें टिकी हैं, जहां उनके खिलाफ संज्ञान आदेश पर फैसला होना है।
