Home मुख्य समाचार प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने अमर सिंह के निधन पर जताया दुख, जानिए...

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने अमर सिंह के निधन पर जताया दुख, जानिए बीजेपी के कट्टर विरोधी से वह कैसे बने नमो के मुरीद

[

Amar Singh death news: 2002 में जब बीजेपी के समर्थन से चल रही यूपी की तत्कालीन मायावती सरकार ने कुंडा के बाहुबली विधायक रघुराज प्रताप सिंह उर्फ राजा भैया के खिलाफ पोटा लगाया, उनके पिता उदय प्रताप सिंह और भाई अक्षय प्रताप सिंह पर भी कानूनी शिकंजा कसा तब अमर सिंह ने इसे बीजेपी के खिलाफ हथियार के तौर पर इस्तेमाल किया।

Edited By Chandra Pandey | नवभारतटाइम्स.कॉम | Updated:

SP के पूर्व नेता और राज्यसभा सदस्य अमर सिंह का निधन
हाइलाइट्स

  • प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने अमर सिंह के निधन पर जताया दुख, कहा- वह एक ऊर्जावान हस्ती थे
  • अमर सिंह बीजेपी के कट्टर विरोधियों में गिने जाते थे लेकिन पिछले कुछ सालों से पीएम मोदी के मुरीद थे
  • 2016 में वह बीजेपी की मदद से ही उत्तर प्रदेश से राज्यसभा में पहुंचे थे
  • अमर सिंह का शनिवार को सिंगापुर में 64 साल की उम्र में निधन हो गया, वह लंबे समय से बीमार चल रहे थे

नई दिल्ली

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने राज्यसभा सांसद अमर सिंह (Demise of Amar Singh) के निधन पर दुख जताया है। उन्होंने ट्वीट कर कहा कि सिंह एक ऊर्जावान पब्लिक फिगर थे और वह अलग-अलग क्षेत्र के लोगों से अपनी दोस्ती के लिए जाने जाते थे। अमर सिंह का शनिवार को 64 साल की उम्र में सिंगापुर में निधन हो गया। वह काफी लंबे समय से बीमार थे।

पीएम मोदी ने यूं दी अमर सिंह को श्रद्धांजलि

अमर सिंह के निधन पर प्रधानमंत्री मोदी ने ट्वीट किया, ‘अमर सिंह एक ऊर्जावान हस्ती थे। पिछले कुछ दशकों में उन्होंने कुछ बहुत ही अहम राजनीतिक घटनाक्रमों का हिस्सा और गवाह रहे। वह जीवन के विभिन्न क्षेत्रों के लोगों के साथ अपनी दोस्ती के लिए जाने जाते थे। उनके निधन से दुखी हूं। उनके दोस्तों और परिवार के प्रति संवेदना। ओम शांति।’

जब अमर सिंह ने बीजेपी को दी थी करारी चोट

आखिर के कुछ सालों को छोड़ दें तो अमर सिंह की गिनती बीजेपी और नीतियों के कट्टर विरोधी के तौर पर होती थी। 2002 में जब बीजेपी के समर्थन से चल रही यूपी की तत्कालीन मायावती सरकार ने कुंडा के बाहुबली विधायक रघुराज प्रताप सिंह उर्फ राजा भैया के खिलाफ पोटा लगाया, उनके पिता उदय प्रताप सिंह और भाई अक्षय प्रताप सिंह पर भी कानूनी शिकंजा कसा तब अमर सिंह ने इसे बीजेपी के खिलाफ हथियार के तौर पर इस्तेमाल किया। इसका नतीजा यह हुआ कि कभी बीजेपी का समर्थक माने जाने वाले राजपूत समुदाय का झुकाव समाजवादी पार्टी की तरफ होने लगा। वहीं अमर सिंह 14 साल बाद उसी बीजेपी के समर्थन से राज्यसभा में पहुंचे।

बॉलिवुड-सियासत के ‘लाडले’ अमर की कहानी

एक समय तो उनके बीजेपी में जाने की लगने लगी थीं अटकलें

सियासत में हाशिये पर पहुंचने के बाद अमर सिंह मुलायम सिंह परिवार और खासकर अखिलेश यादव को लेकर काफी हमलावर रहे। धीरे-धीरे वह बीजेपी के करीब पहुंचने लगे। 2018 में तो ऐसी अटकलें लगने लगी थीं कि वह बीजेपी का दामन थामने वाले हैं। अमर सिंह खुद बीजेपी में जाने के लिए तैयार थे लेकिन बात नहीं बन सकी।

जब अमर सिंह ने विरोधियों से कहा- टाइगर अभी जिंदा हैजब अमर सिंह ने विरोधियों से कहा- टाइगर अभी जिंदा है

मौत से बस 3 घंटे पहले अमर का आखिरी ट्वीट

बीजेपी से ‘दुश्मनी’ से मोदी के मुरीद तक

कभी बीजेपी के कट्टर विरोधी रहे अमर सिंह प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के मुरीद थे। उन्होंने मोदी सरकार के नोटबंदी से लेकर तमाम फैसलों का समर्थन किया। यहां तक कि पिछले आम चुनाव के दौरान जब राफेल डील को लेकर राहुल गांधी पीएम मोदी पर तीखे हमले कर रहे थे तब उन्होंने प्रधानमंत्री का खुलकर बचाव किया। राहुल गांधी के ‘चौकीदार चोर है’ नारे के जवाब में जब प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने अपने ट्विटर हैंडल में चौकीदार शब्द जोड़ा तो अमर सिंह ने भी अपने ट्विटर हैंडल का नाम चौकीदार अमर सिंह कर दिया था।

NBT

अमर सिंह और अमिताभ बच्चन के रिश्ते की ‘अमर कहानी’

नोटबंदी से लेकर लॉकडाउन तक…अमर सिंह ने की मोदी सरकार की तारीफ

अमर सिंह के ट्विटर हैंडल पर जाने पर पीएम मोदी की तारीफों का पुलिंदा दिखेगा। कोरोना वायरस के खिलाफ लड़ाई में उन्होंने पीएम मोदी के नेतृत्व की जमकर तारीफ की।

पिछले साल जब मध्य प्रदेश में कांग्रेस की कमलनाथ सरकार गिरी थी तब इसका आरोप बीजेपी पर लगा था। तब अमर सिंह ने कांग्रेस को नसीहत देते हुए बीजेपी के बचाव में ट्वीट किया था।

90 के दशक से 2010 तक सियासी गलियारों में बोलती थी अमर सिंह की तूती

90 के दशक से लेकर 2010 तक अमर सिंह को सत्ता के गलियारों में अपनी मजबूत पकड़ के लिए जाना जाता था। हर राजनीतिक दलों में उनके दोस्त थे। एक समय सियासत से लेकर बॉलिवुड और उद्योग जगत की हस्तियों के बीच भी उनकी तूती बोलती थी। मनमोहन सिंह की अगुआई वाली केंद्र की यूपीए-1 सरकार के लिए तो वह संकटमोचक रहे थे। 2008 में अमेरिका के साथ न्यूक्लियर डील के मुद्दे पर लेफ्ट ने यूपीए-1 सरकार से समर्थन वापस ले लिया था, तब अमर सिंह ने ही समाजवादी पार्टी का समर्थन सुनिश्चित कर सरकार गिरने से बचाया था। समाजवादी पार्टी में उनका रुतबा कभी मुलायम सिंह के बाद दूसरे नंबर के नेता का था तो एक वक्त ऐसा भी आया कि 2010 में उन्हें पार्टी से बाहर का रास्ता दिखा दिया गया। यही से उनके राजनीतिक करियर का ग्राफ गिरने लगा। कभी बीजेपी के कट्टर आचोलक रहे अमर सिंह 2016 में उसी के समर्थन से राज्यसभा पहुंचे।

NBT
Web Title prime minister narendra modi expresses condolence on demise of amar singh know his relationship with bjp(Hindi News from Navbharat Times , TIL Network)

रेकमेंडेड खबरें

Source link

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here

लोकप्रिय

galwan valley clash : गलवान घाटी से पीछे हट रही भारतीय सेना, कांग्रेस ने पुराने ट्वीट से मोदी को घेरा

[india china galwan valley : कांग्रेस ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से उनका पुराना ट्वीट याद करवाते हुए पूछा है कि क्या उनके शब्दों...

‘एनकाउंटर’ के बाद कैसा है विकास दुबे के बिकरू गांव का हाल

[ समीरात्मज मिश्र बिकरू (कानपुर) से, बीबीसी हिन्दी के...

Rajasthan Crisis LIVE: हरियाणा के ITC होटल में दाखिल हुई राजस्थान पुलिस टीम

; t = b.createElement(e); t.async = !0; t.src = v; s = b.getElementsByTagName(e); s.parentNode.insertBefore(t, s) }(window, document, 'script', 'https://connect.facebook.net/en_US/fbevents.js'); fbq('init', '482038382136514'); fbq('track', 'PageView'); Source...

Ladakh Standoff: साम, दाम, दंड, भेद… भारत ने चीन को कैसे पीछे धकेला, जानिए इनसाइड स्टोरी

[Edited By Satyakam Abhishek | टाइम्स न्यूज नेटवर्क | Updated: 07 Jul 2020, 09:01:00 AM IST चीन ने गलवान घाटी से...

LIVE Narendra Modi Speech: भारत में व्यापार की आपार संभावनाएं,- पीएम नरेंद्र मोदी

[ Publish Date:Wed, 22 Jul 2020 09:19 PM (IST) नई दिल्ली, एजेंसियां। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी इंडिया आइडियाज समिट (India Ideas Summit) को संबोधित करते हुए...

एक दिन में रिकॉर्ड 27 हजार केस बढ़े, 20 हजार मरीज ठीक हुए; पुणे में 13 से 23 जुलाई तक लॉकडाउन; देश में 8.22 लाख मामले

[ देश में अब तक 22 हजार 143 मौतें, महाराष्ट्र में सबसे ज्यादा 9893 की जान गईउत्तरप्रदेश में रात 10 बजे से 13 जुलाई...